विश्व शौचालय दिवस पर मंगलवार को विकास भवन में परिसर में संगोष्ठी हुई। शौचालय की जरूरत और उपयोगिता पर चर्चा करते हुए स्वच्छता अभियान में सहयोग का आह्वान किया गया।
देर शाम गांवों के सामुदायिक शौचालयों पर दीप भी जलाए गए। हमारा शौचालय हमारा सम्मान की थीम पर हुए कार्यक्रम में डीपीआरओ नमिता शरण ने राजकुमारी गुप्ता, बीफनी, अरविंद, हरि गोविंद और पूनम देवी को शौचालय निर्माण का स्वीकृति पत्र सौंपा।
लोढ़ी की पूनम देवी ने शौचालय को महिलाओं के लिए सम्मान बताया। डीपीआरओ ने बताया कि अब लाभार्थी एसबीएम पोर्टल पर ऑनलाइन डिमांड खुद भर सकते हैं। इसके सत्यापन के बाद उसे शौचालय निर्माण के लिए दो किस्तों में धनराशि जारी की जा रही है।
बताया कि वर्ष 2024-25 में 19738 शौचालय का लक्ष्य शासन ने निर्धारित था, जिसके सापेक्ष 9782 शौचालयों के लाभार्थियों को धनराशि जारी कर दी गई है। शेष 9956 लाभार्थियों का चयन विकास खंड एवं ग्राम पंचायत स्तर से कर लिया गया है।
उन्हें धनराशि जारी करने की प्रक्रिया चल रही है। जिले में अब तक लगभग 3.30 लाख शौचालयों का निर्माण कराया गया है। उसके प्रयोग के लिए जन जागरूकता अभियान चलाया जाता है।
देर शाम सभी सामुदायिक शौचालय पर 11 दीप जलाकर लोगों को शौचालय निर्माण के लिए जागरूक किया गया। डीपीआरओ ने ग्राम पंचायत बहुअरा में सामुदायिक शौचालय पर 251 दीप जलाकर इसकी शुरुआत की।
कार्यक्रम में एडीओ पंचायत रॉबर्ट्सगंज महिपाल लकड़ा, ग्राम प्रधान बहुअरा सवेरा सिंह आदि मौजूद रहे।
पांच अच्छे शौचालय के लाभार्थी सम्मानित
विश्व शौचालय दिवस के उपलक्ष्य में ग्राम पंचायत में निर्मित अच्छे शौचालय के लाभार्थियों का चयन किया गया। इसके लिए सभी ग्राम पंचायत से दो अच्छे शौचालय की फोटो ब्लाॅक स्तर पर मंगाई गई। इसमें से ब्लॉक से 5 शौचालयों का चयन कर जिले को भेजा गया। जनपद स्तर पर 50 शौचालय में से डीपीआरओ ने पांच अच्छे शौचालय का चयन किया। इसमें म्योरपुर से ममता देवी, दुद्धी के निमियाडीह से पूजा, चतरा के पन्नूगंज से अशोक कुमार पांडेय, नगवां के पटवध से सरिता और बभनी के चक चपकी से सुनील केसरी को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया।