सीएमडी एनसीएल बी. साईराम ने कहा कि प्रोजेक्ट ‘नन्हा सा दिल’ के मूल में मानवता और करुणा है। इस दौरान श्री सत्य साईं हेल्थ एंड एजुकेशन ट्रस्ट के ट्रस्टी विवेक गौर ने प्रोजेक्ट नन्हा-सा-दिल-एनसीएल का संक्षिप्त परिचय रखा।
इस प्रोजेक्ट के तहत सिंगरौली परिक्षेत्र में जन्मजात हृदय रोग-कॉन्जेनिटल हार्ट डिजीज (सीएचडी) से पीड़ित बच्चों के लिए 345 स्क्रीनिंग शिविर का आयोजन किया जाएगा। इन शिविरों के माध्यम से एनसीएल ने 17000 से अधिक बच्चों की हृदय रोग जांच का लक्ष्य रखा है।
हृदय रोग की पुष्टि होने पर मरीज बच्चों को श्री सत्य साईं हेल्थ एंड एजुकेशन ट्रस्ट के अस्पतालों में निशुल्क सर्जरी के लिए रेफर किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सीएसआर परियोजना को समर्पित वैन को हरी झंडी दिखाकर परियोजना की औपचारिक शुरुआत की गई।
तीन लाख में पांच फीसदी की सर्जरी
देश में हर साल लगभग तीन लाख बच्चे सीएचडी के साथ पैदा होते हैं। इलाज के अधिक लागत के कारण पांच प्रतिशत रोगी बच्चों की सर्जरी करवाने में परिवार सक्षम हो पाता हैं। परिक्षेत्र में निवासरत जरूरतमंद बच्चों को बेहतर उपचार के अवसर एवं नवजीवन देने के उद्देश्य से ओनली दिल-नो बिल की भावना के साथ एनसीएल ने इस पहल की शुरुआत की है।