शक्तिनगर। नॉदर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड की जयंत कोयला परियोजना ने मेढ़ौली गांव के सौ भू-धारकों को करीब 3.68 करोड़ रुपये का मुआवजा वितरित किया। यह प्रक्रिया कोयला खदान के विस्तार के लिए की जा रही है। विस्तार के बाद जयंत का सालाना कोल उत्पादन बीस मिलियन टन हो जाएगा। मुआवजा वितरण के दौरान विधायक सिंगरौली रामलल्लू वैश्य, जयंत क्षेत्र के महाप्रबंधक आरबी प्रसाद, परियोजना अधिकारी जयंत आरके सिंह, स्टाफ अधिकारी (उत्खनन) जय सिंह, स्टाफ आधिकारी (कार्मिक) सफदर खान, स्टाफ अधिकारी (खनन), बीएल शुक्ला, नोडल अधिकारी मुकेश सेनवार और जयंत क्षेत्र के श्रमिक संघ के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
जयंत परियोजना के विस्तार के लिए अर्जित भूमि व उस पर स्थित संपत्तियों के एवज में अभी तक लगभग 290 करोड़ रुपये का मुआवजा वितरित किया जा चुका है। ग्रामीणों की सहूलियत के लिए जमीन एवं संपत्तियों के मूल्यांकन के आधार पर निर्धारित मुआवजे का 60 प्रतिशत भुगतान बिना भौतिक आधिपत्य दिए और शेष 40 फीसदी भुगतान आधिपत्य देने के उपरांत भुगतान किए जाने का अनुमोदन एनसीएल बोर्ड से पहले ही प्राप्त हो चुका है। एनसीएल ने जिला प्रशासन से प्राप्त सूची के आधार पर विस्थापितों की पात्रता का निरीक्षण करके रोजगार देने की प्रक्रिया को भी शुरू कर दिया है। मेढ़ौली ग्राम के भू-विस्थापितों के मुआवजा वितरण के कार्य को एनसीएल प्रबंधन प्राथमिकता देते हुए शीघ्र ही पूर्ण करने के प्रयास कर रहा है। जयंत एनसीएल की प्रमुख कोयला उत्पादक खदान है जिसका इस वर्ष का वार्षिक उत्पादन एवं प्रेषण लक्ष्य 20 मिलियन टन निर्धारित किया गया है।