सोनभद्र। नाबालिग लड़की के साथ दुराचार के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट पंकज श्रीवास्तव की अदालत ने मंगलवार को दोष सिद्ध होने पर दोषी हनुमान को आजीवन कारावास एवं 20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। दोषी अर्थदंड न देने पर छह माह की अतिरिक्त कैद का भागीदार होगा। अर्थदंड की आधी धनराशि पीड़िता को दी जाएगी।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक, पिपरी थाने में तीन जनवरी 2014 को दी तहरीर में पीड़िता के पिता ने आरोप लगाया था कि एक जनवरी 2014 को मिर्जापुर जिला के जिगना थानांतर्गत गौरा गांव निवासी हाल पता शिवा पार्क रेणुकूट निवासी हनुमान उसकी छह वर्षीय नाबालिग लड़की को बहला फुसलाकर अपने साथ ले गया और उसके साथ बलात्कार किया। जब लड़की रोती बिलखती घर आई तो जानकारी हुई। तहरीर पर पिपरी पुलिस ने हनुमान के विरुद्ध बलात्कार एवं पॉक्सो एक्ट में एफआईआर दर्ज किया। विवेचना में पर्याप्त सबूत मिलने पर हनुमान के विरुद्ध न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया गया। न्यायालय ने 25 फरवरी 2014 को अपराध का प्रसंज्ञान लिया। मामले की सुनवाई के बाद अदालत ने दोष सिद्ध पाकर दोषी हनुमान को आजीवन कारावास एवं 20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।