खनन कार्यालय में लोगो को समझाते एसडीएम कैलाश सिंह
खनन विभाग में दो सिंडिकेट के वर्चस्व की लड़ाई सोमवार को एक बार फिर सामने आ गई। रविवार को एक सिंडिकेट ने खनन अधिकारी पीके सिंह और सर्वेयर रामनाथ यादव का यहां से तबादला करा दिया। सोमवार को नये खनन अधिकारी आरपी सिंह दफ्तर में चार्ज लेने पहुंचे तो हंगामा हो गया। पीके सिंह कुर्सी पर जमे रहे। सूचना के बाद एसडीएम सदर कैलाश सिंह, एसडीएम मुख्यालय हर्षदेव पांडेय खनन कार्यालय पहुंचे मगर पीके सिंह कुर्सी से नहीं हटे। हाथापाई तक की नौबत आ गई। तब एडीएम रामचंद को आना पड़ा। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद नए खनन अधिकारी आरपी सिंह को चार्ज मिला।
रविवार शाम खनन अधिकारी पीके सिंह और सर्वेक्षक रामनाथ यादव को जिले से मुख्यालय अटैच कर दिया गया। सोमवार सुबह दस बजे नये खान अधिकारी आरपी सिंह चार्ज लेने कार्यालय पहुंचे तो तनातनी हो गई। पीके सिंह ने चार्ज देने से इनकार कर दिया। फिर दोनों में बहस शुरू हो गई। मामले की जानकारी खनन प्रभारी एडीएम को दी गई। एडीएम ने एसडीएम सदर कैलाश सिंह और एसडीएम कलेक्ट्रेट हर्षदेव पांडेय को भेजा। दोनों प्रशासनिक अफसर भी मामले को सुलझा नहीं सके। मामला बढ़ता गया।
गाली गलौज के साथ हाथापाई की नौबत आ गई। जब मामला ठंडा नहीं हुआ तो एडीएम रामचंद पहुंचे। उन्होंने दोनों अधिकारियों को समझाकर शांत कराया। फिर पीके सिंह ने आरपी सिंह को चार्ज दे दिया। एडीएम रामचंद्र ने बताया कि दोनों अधिकारी चार्ज को लेकर आपस में बहस कर रहे थे। बाद में सर्वेक्षक रामनाथ को लेकर कुछ लोगों से विवाद हो गया था। अब कोई समस्या नहीं है।