सोनभद्र। अनुसूचित जाति की महिला से दुष्कर्म के मामले में अदालत ने दोषी पाए गए कमलेश यादव को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश (एससी-एसटी एक्ट) गोविंद मोहन की अदालत ने शनिवार को मामले की सुनवाई करते हुए उस पर कुल 40 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। अर्थदंड न देने पर अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। मामला मांची थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार दो मार्च 2024 को बिहार के अधौरा थाना क्षेत्र निवासी महिला ने तहरीर देकर बताया था कि वह जंगल में मवेशी चराने गई थी। इसी दौरान कमलेश यादव उसे झाड़ियों में खींचकर ले गया और दुष्कर्म किया। महिला के शोर मचाने पर उसका बेटा मौके पर पहुंचा, जिसे देखकर आरोपी वहां से भाग गया। घटनास्थल यूपी के मांची थाना क्षेत्र का था। मामले में आठ मार्च 2024 को मांची थाने में प्राथमिकी दर्ज हुई।
पुलिस ने विवेचना के बाद चार्जशीट अदालत में दायर की। अभियोजन ने पीड़िता समेत आठ गवाह पेश किए। सुनवाई के दौरान अदालत ने गवाहों के बयान, साक्ष्यों के परीक्षण के बाद कमलेश यादव काे दुष्कर्म और एससी-एसटी एक्ट में दोषी पाते शनिवार को फैसला सुनाया। दुष्कर्म के मामले में दोषी कमलेश को 10 वर्ष की कठोर कैद और 15 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। वहीं एससी-एसटी एक्ट में आजीवन कारावास और 25 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा दी।