संयुक्त कृषि निदेशक, उप कृषि निदेशक एवं जिला कृषि अधिकारी की टीम ने सोमवार को उर्वरक की दुकानों का निरीक्षण किया। इस दौरान दो दुकानों का लाइसेंस रद्द किया गया और दो दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस जारी किया।
जिला कृषि अधिकारी की टीम ने बिहार की सीमा से लगे खलियारी एवं दूरस्थ गांवों में भी किसानों से इस संबंध में फीडबैक लेकर कार्रवाई की। ग्राम नवाडीह के कृषक धर्मराज की ओर से ले जा रहे खाद का मूल्य पूछा गया।
उन्होंने शिकायत की कि मे. अशोक खाद एवं बीज भंडार खलियारी प्रो. राजेश कुमार ने डीएपी उन्हें 1400 रुपये में बेची है। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि शिकायत के आधार पर संबंधित प्रतिष्ठान पर पहुंचने पर दुकान बंद कर भागने एवं जांच में न सहयोग करने के कारण उर्वरक लाइसेंस निलंबित किया गया।
वैनी लोकल मार्केट में मे. केशरी खाद भंडार प्रो.चंद्रशेखर के विक्रय केंद्र के लाइसेंस को भी पीओएस मशीन से खाद न विक्रय करने, स्टॉक से संबंधित अभिलेख न दिखाने, रेट सूची न प्रदर्शित करने के कारण इनके लाइसेंस को भी निलंबित किया गया। इ
सके अतिरिक्त उर्वरकों की गुणवत्ता में संदिग्धता प्रतीत होने पर चार नमूने लेकर परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजा गया। उन्होंने खाद से संबंधित शिकायतों के लिए हेल्पलाइन नंबर 7839882494 जारी किया गया।
दुकान बंद करके भागने पर मे. कृषक खाद भंडार सोहदवल प्रो. परमेश्वर एवं मे. केशरी एग्री जंक्शन वैनी प्रो. इंद्रजीत केशरी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।