ओबरा। पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड को निजी हाथों में देने की कोशिश के विरोध में उप्र राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर संगठन के बैनर तले अवर अभियंताओं ने मंगलवार से स्थानीय परियोजना में 48 घंटे तक का सहयोग आंदोलन शुरू कर दिया है। उत्पादन निगम के जेई संगठन के अध्यक्ष आरजी सिंह ने कहा कि देश कोरोना संक्रमण से गुजर रहा है। ऐसे में प्रदेश सरकार व प्रबंधन बिजली क्षेत्र को निजी हाथों में सौंपने की कोशिश कर रही है।
शाखाध्यक्ष अभय प्रताप ने कहा कि आपूर्ति सेवा बेहतर करने और लाइन लास को कम करने का सुझाव दिया गया लेकिन उस पर अमल नहीं किया जा रहा है। शाखा सचिव ओपी पाल ने सीधी भर्ती के सहायक अभियंताओं को प्रारंभिक वेतनमान ग्रेड पे रुपये 8700 देने, ऊर्जा निगमों में अवर अभियंता से सहायक अभियंता पद पर प्रोन्नत के लिए पात्रता अवधि सात वर्ष करने, 2000 के बाद नियुक्त अवर अभियंता, अभियंता एवं अन्य विद्युत कर्मियों को पुरानी पेंशन योजना का लाभ देने आदि की मांगें पूरी करने की मांग की। इस दौरान विजय प्रताप कुशवाहा, बालगोविंद, रविभूषण तिवारी, नीरज यादव, दिनेश कुमार यादव, अवधेश कुमार यादव, कुलदीप नारायण, आशुतोष मिश्रा, प्रिंस साह, अभिषेक यादव, सर्वेश यादव, ब्रजेश यादव, रितेश मिश्रा, दिनेश गुप्ता, विपिन आर्या, अशोक श्रीवास्तव मौजूद रहे।