म्योरपुर। भारत सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय और इंडियन काउंसिल आफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) के वैज्ञानिकों की टीम ने बृहस्पतिवार को मकरा गांव के विभिन्न टोलों का निरीक्षण किया। इस दौरान टीम ने ग्रामीणों के खून का सैंपल लिया। ऊंचाई, वजन और बीपी की भी जांच की। विभिन्न पहलुओं पर लोगों से पूछताछ भी की।
मकरा म्योरपुर विकास खंड का मच्छर जनित रोग प्रभावित गांव है। आठ सदस्यीय टीम ने ग्रामीणों के खून का सैंपल लेने के साथ उनके वजन, ऊंचाई और बीपी की भी जांच की। उनके बीमारी की भी जानकारी जुटाई और खान-पान के बारे में पूछताछ की। टीम में शामिल आईसीएमआर के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. गौरव राज द्विवेदी, डॉ. नलिनी मिश्रा, डॉ. बृजरंजन मिश्र, डॉ. आयुष मिश्रा, रविशंकर सिंह, तकनीशियन शशिकांत तिवारी, कीट संग्राहक सूर्य प्रताप शामिल रहे। टीम ने मच्छर जनित रोगों के प्रभाव को लेकर अध्ययन शुरू कर दिया है। निरीक्षण के दौरान जिला मलेरिया अधिकारी धर्मेंद्र नारायण श्रीवास्तव, मलेरिया निरीक्षक अभिषेक पांडेय भी मौजूद रहे।