निलंबन के दौरान सरकारी रकम को पति के खाते में ट्रांसफर कर घपला किए जाने का मामला उजागर हुआ है। जांच में गड़बड़ी की पुष्टि होने के बावजूद जिम्मेदार मौन हैं।
मामला कंपोजिट विद्यालय कोटा पुनर्वास से जुड़ा है। यहां कम बच्चों की संख्या बढ़ाकर मिड डे मील की रकम हड़प करने सहित कदाचार के कुछ और मामले में जांच के बाद प्रधानाध्यापक सुशीला देवी को निलंबित कर दिया गया था।
इसके बाद 31 जुलाई 2023 को बेसिक शिक्षा अधिकारी के आदेश का हवाला देते हुए खंड शिक्षा अधिकारी ने आरोपी प्रधानाचार्य को शर्तों के साथ बहाल कर दिया। आरोपी ने निलंबन अवधि के दौरान कंपोजिट ग्रांट की राशि से 13 मार्च 2023 को एक लाख 80 हजार रुपये अपने पति रामदुलार राम के खाते में ट्रांसफर कर दिया।
इसका खुलासा नई स्कूल मैनेजमेंट कमेटी (एसएमसी) के गठन के बाद हुआ। शिकायत पर डीएम ने बीडीओ म्योरपुर को जांच सौंपी। जांच में कंपोजिट ग्रांट की रकम नियम विरुद्ध ट्रांसफर की पुष्टि हो गई। मामले में आरोपी पर जिम्मेदारों की मेहरबानी चर्चा में है।
कंपोजिट ग्रांट की राशि में घपला मिला है। आरोपी से रिकवरी के लिए आदेश जारी कर दिया गया है।
-मुकल आनंद पांडेय, बेसिक शिक्षा अधिकारी।