सेक्रेटरी के खिलाफ गबन का केस दर्ज
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घोरावल। शौचालय निर्माण में सरकारी धन का बंदरबाट करने वालों के खिलाफ जिला प्रशासन कार्रवाई तेज कर दी है। शुक्रवार को घोरावल कोतवाली में एडीओ पंचायत की तहरीर पर पुलिस ने शिवद्वार के तत्कालीन सेक्रेटरी हरिओम के खिलाफ गबन का मुकदमा दर्ज किया है। आरोपी के ऊपर शौचालय का 2.76 लाख रुपये डकारने का आरोप है। सीडीओ और डीपीआरओ के नोटिस जारी करने के बाद भी आरोपी ने रुपये ग्राम निधि के खाते में जमा नहीं किया।
पुलिस के मुताबिक वर्ष 2017-18 में ग्राम पंचायत शिवद्वार में 176 शौचालयों के निर्माण के लिए ग्राम पंचायत विकास अधिकारी और प्रधान राजकुमार गुप्ता ने धनराशि आहरित की थी।ं शौचालयों के निर्माण की स्थिति जानने के लिए जुलाई महीने में एडीओ पंचायत राम उदय यादव ने स्थलीय निरीक्षण किया तो पाया कि 176 के सापेक्ष मात्र 110 शौचालयों का ही निर्माण हुआ है। 20 शौचालय अपूर्ण मिले और 46 शौचालयों का निर्माण ही नही हुआ था।
जबकि इनके निर्माण के लिए बारह हजार रुपए प्रति शौचालय की दर से 5.52 लाख रुपए निकाला जा चुका था। एडीओ पंचायत रामउदय यादव ने 23 जुलाई को डीपीआरओ को रिपोर्ट प्रेषित किया। रिपोर्ट का अवलोकन करने के बाद 31 अगस्त को डीपीआरओ ने ग्राम प्रधान और सेक्रेटरी को नोटिस जारी कर निर्देशित किया गया कि 16 अगस्त तक 46 शौचालयों की 5.52 लाख रुपए धनराशि दोनों लोग 2.76. 2.76 लाख ग्राम निधि के खाते में जमा कर दें।
प्रधान ने 2.76 लाख जमा कर दिया, लेकिन सेक्रेटरी ने धनराशि जमा नहीं की। धनराशि जमा न करने पर सीडीओ ने 18 अगस्त को सेक्रेटरी को नोटिस जारी कर 22 अगस्त तक 2.76 लाख जमा करने का निर्देश दिया। फिर भी सेक्रेटरी ने जमा नही किया और सीडीओ को अपनी सफाई में प्रार्थना पत्र दिया कि उसने केवल 109 शौचालयों की धनराशि आहरित की थी।
सीडीओ और डीपीआरओ से प्रकरण की जांच कराई तो सेक्रेटरी हरिओम द्वारा ही 176 शौचालयों की धनराशि आहरित किया गया पाया गया। सिटी सीओ विवेकानंद तिवारी ने बताया कि एडीओ पंचायत रामउदय यादव की तहरीर पर शिवद्वार के तत्कालीन सेक्रेटरी हरिओम सिंह के खिलाफ सरकारी धन के गबन करने का केस दर्ज किया गया है।