वन विभाग की तरफ से सख्ती नहीं बरते जाने की वजह से लोग महज दिखावा कर रहे हैं। वहीं वन माफिया सड़क के किनारे ही पेड़ काटकर वन विभाग को चुनौती दे रहे हैं। विभागीय अधिकारियों के लापरवाही का आलम यह है कि वन विभाग की जमीन पर अवैध कब्जे और घर बनाने का सिलसिला भी जारी है। वहीं जनहित के कार्यों को नियम बताते हुए वन विभाग की तरफ से रोक दिया जाता है।
एक तरफ सरकार प्रदूषण मुक्त बनाने की बात करती है, वहीं वन क्षेत्र में लकड़ी काटे जाने की घटना चिंता का विषय है। इस बारें में क्षेत्रीय वन अधिकारी रामनारायण वर्मा का कहना है कि अवैध कटान की जानकारी है मामले की जांच कराते हुए सभी से स्पष्टीकरण लिया जाएगा और कार्रवाई की जाएगी।