सोनभद्र। नए वित्तीय सत्र की शुरुआत के साथ ही लागू हुई निकाय चुनाव की आचार संहिता ने विकास कार्यों पर ब्रेक लगा दिया था। सड़कों के निर्माण, मरम्मत सहित विकास के कई कार्यों के प्रस्ताव फाइलों में अटक गए थे। टेंडर की प्रक्रिया पूरी न होने से इन पर काम शुरू नहीं हो पाया था। इसके साथ ही चुनाव की प्राथमिकता के कारण पहले से चल रहे कई कार्यों पर अफसरों की निगरानी भी शिथिल हो गई थी। नतीजा विकास परियोजना की गति सुस्त पड़ी थी। अब चुनाव बीतने और आचार संहिता खत्म होने के बाद इन परियोजनाओं को गति मिलेगी। नए कार्यों के लिए टेंडर प्रक्रिया में भी कार्यदाई संस्थाएं जुटी हैं। अगले वर्ष होने वाले लोकसभा चुनाव से पहले लंबित विकास परियोजनाओं को समय से पूरा करना सरकार की भी प्राथमिकता में है। लिहाजा अफसरों ने पूरी रफ्तार से इस ओर ध्यान लगा दिया है।
करोड़ों खर्च कर होगा 40 से अधिक सड़कों का नवीनीकरण
बारिश से पहले सड़कों को गड्ढामुक्त करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए अप्रैल में ही टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली जाती है, जिससे जून तक काम पूरा कराया जा सके। चुनाव के कारण इस बार यह कार्य प्रभावित हुआ है। सड़कों के नवीनीकरण का प्रस्ताव तैयार था, लेकिन आचार संहिता के कारण टेंडर नहीं हो सका। अब टेंडर कराने में अधिकारी जुटे हैं। पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड के अंतर्गत करीब 25 सड़कों पर काम होना है, जबकि निर्माण खंड में भी 15 से अधिक सड़कें हैं। इन सड़कों के निर्माण पर करोड़ों की राशि खर्च होनी है। इसके अलावा ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के माध्यम से भी कई सड़कों का निर्माण होना है।
नए अमृत सरोवरों पर शुरू हुआ काम
जिले में 105 नए अमृत सरोवर बनाने हैं। इसके लिए गांवों का चयन पहले ही कर लिया गया था। काम शुरू होने से पहले ही आचार संहिता लगने से इसे रोक दिया गया था। अब अमृत सरोवर के निर्माण में तेजी आई है। आचार संहिता हटते ही सोमवार को कई इलाकों में जनप्रतिनिधियों व अफसरों ने अमृत सरोवर के लिए भूमिपूजन कर कार्य का शुभारंभ कराया। इसे तेजी से पूरा कराने की हिदायत दी गई, ताकि बारिश का पानी उसमें संग्रहित किया जा सके।
कुराड़ी में सोन नदी पर पुल के निर्माण में आएगी तेजी
घोरावल तहसील क्षेत्र के कुराड़ी में सोन नदी पर लंबे समय से पुल निर्माणाधीन है। अंतरराज्यीय महत्व के इस पुल का शिलान्यास 2015 में हुआ था, जिसे 2018 तक पूरा करने का लक्ष्य था। बीच में धीमी प्रगति के कारण इसका निर्माण थम गया था। राज्यसभा सांसद रामसकल एवं घोरावल विधायक डॉ अनिल कुमार मौर्य के प्रयासों से प्रदेश सरकार ने तीन साल पहले 129 करोड़ रुपये पुल निर्माण के लिए जारी किया और काम में तेजी आई। अब इसे 2023 के अंत तक तक इसे पूरा कर लोकार्पण करने का लक्ष्य है। चुनाव के कारण पुल के काम में रुकावट आई थी। अधिकारियों ने इसे शीघ्र पूरा करने पर ध्यान लगाया है।
मेडिकल कॉलेज का सुस्त पड़ा था काम
जिला अस्पताल को उच्चीकृत कर रौंप में बनाए जा रहे मेडिकल कॉलेज का निर्माण पहले से जारी था, लेकिन चुनाव में अफसरों की व्यस्तता का असर इस परियोजना पर भी पड़ा था। कार्यदाई संस्था कम मजदूरों से ही काम करा रही थी। पिछले दिनों निरीक्षण में डीएम ने इस पर नाराजगी जताते हुए मजदूरों की संख्या बढ़ाकर कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया था, लेकिन अब भी गति सुस्त बनी है। चुनाव खत्म होने के बाद अब फिर से इसे समय से पूरा कराने में अधिकारी जुट गए हैं।
निकायों में नाली-खड़ंजा और विकास कार्य होंगे तेज
निकाय चुनाव के कारण सबसे ज्यादा प्रभावित नगरीय क्षेत्र हुए थे। हालांकि चुनाव की सुगबुगाहट के कारण कई निकायों मेें प्रशासकों ने पहले ही टेंडर प्रक्रिया पूरी करते हुए काम शुरू करा दिया था, लेकिन कई कार्यों पर तकनीकी पेंच फंस गया था। नगर पालिका राबर्ट्सगंज के विस्तारित क्षेत्रों में नाली, खड़ंजा, सड़क के कार्यों का काम शुरू नहीं हो पाया था। अब चुनाव खत्म होने के बाद नई कमेटी के माध्यम से औपचारिकताएं पूरी कर उसे शीघ्र पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।
एयरपोर्ट का थमा था काम
म्योरपुर में निर्माणाधीन एयरपोर्ट का दूसरे चरण में विस्तार होना है। इसके लिए करीब सात सौ एकड़ जमीन की जरूरत होगी। इसके लिए एयरपोर्ट अथारिटी ऑफ इंडिया की टीम ने तीन दिनों तक जिले में रहकर सर्वे किया था। प्रशासनिक अफसरों की चुनावी व्यवस्तता के कारण इस कार्य पर भी असर पड़ा था। अब केंद्र सरकार के इस ड्रीम प्रोजेक्ट को पूरा करने में अधिकारी जुटेंगे।
करीब 25 सड़कों का नवीनीकरण होना है। इसकी फाइल तैयार है। चुनाव के कारण टेंडर नहीं हो पाया था। अब इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एक-दो दिनों में टेंडर प्रकाशित करा दिया जाएगा, जिससे शीघ्र काम शुरू हो सके। - शैलेष ठाकुर, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड।
चुनाव के कारण सड़कों के निर्माण और नवीनीकरण का कार्य प्रभावित हुआ था। अब इसे शीघ्रता से पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। जल्द ही काम शुरू करा दिया जाएगा। - देव पाल, एक्सईएन पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड।