घोरावल। डायरिया का प्रकोप बढ़ रहा है। लगातार दूसरे दिन भी तहसील क्षेत्र के अलग-अलग गांवों से आठ डायरिया पीड़ितों को सीएचसी में भर्ती कराया गया। इससे पहले बृहस्पतिवार को भी सात मरीज सीएचसी में भर्ती हुए थे। दो दिन में 15 मरीज मिलने से स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। डायरिया प्रभावित गांवों में डाॅक्टरों की टीम भेजकर जरूरी दवाओं का वितरण कराया।
शुक्रवार को सिलहटा गांव निवासी अतवारी देवी (80) और उनके पति रामकुमार (82), सिरसाईं गांव निवासी शीला देवी (42) पत्नी बलिराम, खुटहां निवासी रुक्मिणी (45) पत्नी दीनदयाल, मुंगेहरी निवासी जयशीला (65) पत्नी सदाफल, सिहावल गांव निवासी बसंती देवी (65) पत्नी पंचधारी, तेंदुहार गांव निवासी चंदा (40) पत्नी स्वर्गीय मुन्नीलाल, तिलौली निवासी शिवबरन (75) पुत्र सर्वजीत को शुक्रवार को घोरावल सीएचसी में भर्ती कराया। परिजनों के मुताबिक मरीजों को लगातार उल्टी-दस्त की शिकायत थी। इमरजेंसी वार्ड में सभी डायरिया पीड़ितों को भर्ती कर उपचार किया जा रहा है।
उधर, आरबीएसके से डॉ. नीरज मिश्रा, डॉ. राकेश और अन्य चिकित्साकर्मियों की टीम ने प्रभावित गांवों में ग्रामीणों में जाकर दवा, क्लोरीन गोली, ब्लीचिंग पाउडर आदि का वितरण किया। सीएचसी अधीक्षक डॉ. नरेंद्र सरोज ने बताया कि डायरिया प्रभावित गांवों में स्थिति नियंत्रण में है। आरबीएसके की टीम भेजकर प्रभावित गांवों में ब्लीचिंग पाउडर व ओआरएस भी दिया गया। दूषित पानी की वजह से समस्या उत्पन्न हो रहा है। ग्रामीणों से उन्होंने अपील किया है कि स्वच्छ पानी पिएं और ताजा भोजन खाएं। पानी को गर्म कर उबाल कर ठंडा कर छानकर पिये।