विशिष्ट अतिथि गृह में रविवार को ओबरा दौरे पर आए निदेशक कार्मिक इं.
विद्यासागर तिवारी एवं नई परियोजनाओं के निदेशक इं. आरके त्रिवेदी ने
परियोजना अधिकारियों के संग बैठक कर 10वीं एवं 11वीं यूनिट के आरएंडएम के
कार्यों की जानकारी ली।
इससे पूर्व उन्होंने ओबरा तापीय परियोजना का दौरा
कर वस्तुस्थिति का जायजा भी लिया। उन्होंने बताया कि विस्तारिकरण के तहत
परियोजना सी की स्थापना के लिए कवायद शुरू हो गई है।
इसके बाद पत्रकार
वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि परियोजना के विस्तारीकरण में परियोजना सी
के अंतर्गत 660 मेगावाट की दो इकाइयों को स्थापित करने के लिए प्रदेश
सरकार कटिबद्ध है।
प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा प्रदेश को 24 घंटे बिजली
देने की योजना को ध्यान में रखते हुए बंद इकाइयों को चालू करने के लिए
बिजली घरों का दौरा किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि परियोजना सी के
निर्माण के लिए केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा अनापत्ति प्रमाण
पत्र प्राप्त करने के तेजी से कार्य किए जा रहे है। इसके लिए ओबरा परियोजना
को प्रदूषण मुक्त रखने के लिए जरूरी कार्य किए जाएंगे तथा दो तीन माह के
अंदर अनापत्ति प्रमाण पत्र पाने की उम्मीद जताई है।
उन्होनें बताया कि
प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा प्रदेश को 24 घंटे बिजली देने के उद्देश्य से
दसवीं इकाई को 25 फरवरी तक तथा 11वीं इकाई को मई तक उत्पादन पर आने की
उम्मीद जताई।
मौके पर मुख्य रूप से मुख्य महाप्रबंधक इं. संजय तिवारी,
बिजली सलाहकार एके सिंह, इं. डीके मिश्रा, इं. एसपी सिंह, अनुराग मिश्रा,
संजय महतो, आरपी मल्ल सहित परियोजना के तमाम अधिकारी एवं भेल के अधिकारी
उपस्थित रहे।