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Sonebhadra News: ट्रेनों के ठहराव के लिए सड़क पर उतरे लोग, छह घंटे तक प्रदर्शन

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कोरोना काल में बंद हुई ट्रेनों का ठहराव विंढमगंज रेलवे स्टेशन पर कराने के लिए बुधवार को लोग सड़कों पर उतर पड़े। कस्बे में जुलूस निकालने के बाद भारतीय इंटर कॉलेज के मैदान में पहुंचकर प्रदर्शन किया।
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आसपास के गांवों से उमड़ी भीड़ को देखते हुए स्टेशन पर पहले से ही भारी फोर्स तैनात रही। दोपहर बाद पहुंचे भाजपा जिलाध्यक्ष व सांसद प्रतिनिधि ने 31 जनवरी तक पटना-सिंगरौली एक्सप्रेस का ठहराव शुरू कराने का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया।
रेल रोको संघर्ष समिति ने 13 दिसंबर को ही सांकेतिक धरने के बाद रेल रोकने की चेतावनी दी थी। इसे लेकर कई दिनों से गांवों में जनजागरण कर समर्थन जुटाया जा रहा था। बुधवार को सुबह नौ बजे से ही विंढमगंज कस्बा सहित आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग जुट गए।
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नारेबाजी करते हुए विंढमगंज बाजार में जुलूस निकाला। पूरे बाजार का भ्रमण करते हुए जुलूस भारतीय इंटरमीडिएट कॉलेज के खेल मैदान पर पहुंचा। यहां सभा में समिति के अध्यक्ष रमेश चंद्र ने कहा कि पूर्व में रुकने वाली सवारी गाड़ियों का ठहराव अगर कर दिया गया होता तो प्रदर्शन की यह नौबत नहीं आती।
दोपहर बाद करीब दो बजे भाजपा जिलाध्यक्ष नंदलाल गुप्ता, सांसद प्रतिनिधि वेदप्रकाश, कुलदीप आदि ने पहुंचकर ज्ञापन लिया। बताया कि ट्रेन के ठहराव के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। 31 जनवरी तक सिंगरौली-पटना एक्सप्रेस का यहां ठहराव होना संभावित है।
अन्य ट्रेनों के ठहराव के लिए संघर्ष समिति के पांच सदस्य टीम के साथ रेलवे बोर्ड में बात रखेंगे। प्रदर्शन में पूर्व विधायक हरिराम चेरो, सूर्य प्रकाश पासवान, विजय पासवान, विनोद ठाकुर, उमैर अहमद, बिकलेश भारती, संजय गुप्ता, राजू बाबा, कामेश्वर गुप्ता, सुरेंद्र पासवान, नंदकिशोर गुप्ता, भगवान विश्वकर्मा आदि शामिल रहे। संचालन आशीष कुमार एडवोकेट ने किया।
सुरक्षा के रहे कड़े प्रबंध
रेल रोको संघर्ष समिति के आंदोलन के मद्देनजर पूरा प्रशासन अलर्ट था। विंढमगंज में कई थानों की फोर्स व पीएसी को लगाया गया था। स्टेशन परिसर की ओर आने-जाने वालों से पूछताछ होती रही। इस कारण विभिन्न कारणों से स्टेशन आने वाले आम लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।
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