सोनभद्र। कोतवाली क्षेत्र के बहुअरा में सोमवार को क्लूजर (बोलेरो) के धक्के से साइकल सवार रामअवध (35) की मौत हो गई। ग्रामीणों ने हादसे के बाद भाग रहे चालक को मयवाहन पकड़ कर पिटाई कर दी। इसकी जानकारी होने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों की चंगुल से चालक को मुक्त कराया। पुलिस ने शव को कब्जे मेें लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने का प्रयास किया तो ग्रामीणों ने रोक दिया। मुआवजे की मांग को लेकर ग्रामीणों ने चक्काजाम कर दिया। कुछ युवकों ने एक बोलेरो का शीशा तोड़ दिया। सदर सीओ अभिनव यादव ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया। इसके बाद शव को पीएम के लिए भेजने के साथ जाम समाप्त कराया।
जानकारी के अनुसार चंदौली जिले के नौगढ़ थाना क्षेत्र के मझिगवा गांव निवासी रामअवध (35) अपने रिश्तेदारी में बहुअरा गांव गया था। दोपहर करीब ढाई बजे रिश्तेदार के घर से रामअवध साइकल से मधुपुर की ओर जाने के लिए निकला। अभी वह राजमार्ग पर पहुंचा ही था कि राबट्र्सगंज की तरफ से वाराणसी की ओर जा रही तेज गति से क्लूजर (बोलेरो) साइकल मेें टक्कर मार दी। दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल रामवध की मौत हो गई। हादसे के बाद ग्रामीणों ने वाहन चालक को पकड़ लिया। कुछ लोगों ने चालक की पिटाई भी कर दी। उधर हादसे की सूचना मिलते ही फोर्स के साथ सदर कोतवाल नवीन तिवारी ने मौके पर पहुंच कर ग्रामीणों की चंगुल से चालक को मुक्त कराते हुए उसे मयवाहन कोतवाली भेज दिया। उधर ग्रामीणों ने वाराणसी-शक्तिनगर मार्ग पर शव को रखकर चक्काजाम कर दिया। जाम करने वाले मृतक के आश्रितों को मुआवजा, चालक के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करने के साथ ही उच्चाधिकारियों को मौके पर आने की मांग कर रहे थे। कोतवाल की सूचना पर सदर सीओ ने मौके पर पहुंच कर ग्रामीणों को उचित कार्यवाही करने का आश्वासन देकर उन्हें शांत कराया। इसके बाद पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल ले गई। सीओ अभिनव यादव ने कहा कि मृतक के घरवाले जो तहरीर देंगे उसके आधार पर हिरासत में लिए गए चालक के विरूद्ध मुकदमा दर्ज किया जाएगा। समाचार लिखे जाने तक शव का पीएम कराने की प्रक्रिया चल रही थी।
जाम की झाम में फंसे रहे
सोनभद्र। कोतवाली क्षेत्र के बहुअरा गांव में राजमार्ग पर शव को रख कर घंटे भर से अधिक आवागमन ठप रखा। जाम में फंसे लोग गर्मी और उमस से व्याकुल हो गए थे। जाम में फंसे लोग अगर अपने दो या चार पहिया वाहनों को निकालने का प्रयास कर रहे थे तो उनसे विवाद करने वाले मारपीट करने पर अमादा हो जा रहे थे। हालांकि अधिकांश दो और चार पहिया वाहन ग्रामीण रास्तों से गतंव्य के लिए रवाना हुए। वहीं जाम में फंसे सवारी बसें समेत अन्य वाहनों की दोनों तरफ लंबी कतारें लग गई थी।