तापीय परियोजना के आडिटोरियम में शुक्रवार की रात भूमेश्वर समाज का सम्मेलन आयोजित किया गया। इसमें अधिकारों की रक्षा के लिए समाज के लोगों से एकजुटता की अपील की गई।
नई कार्यकारिणी का गठन करते हुए समाज से जुड़े सेवानिवृत्त अधिकारियों को सम्मानित कर, नई पीढ़ी को उनसे सीख लेने की नसीहत दी गई। इस दौरान फाग गायन कार्यक्रम का आयोजन कर होली मिलन समारोह भी मनाया गया।
बतौर मुख्य अतिथि भूमेश्वर समाज के संरक्षक मंधीर कुमार ने भगवान परशुराम के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन एवं माल्यार्पण कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
कहा कि भूमेश्वर समाज को एकजुटता का परिचय देना होगा। तभी अपने हक और अधिकारों को लेकर मजबूती से आवाज उठाई जा सकेगी। निवर्तमान अध्यक्ष इं. एके राय ने कहा कि इस समाज की गौरवशाली परंपरा रही है।
भगवान परशुराम जैसी विभूतियां आदर्श हैं। नई पीढ़ी को भी इन विभूतियों के विचारों और पदचिह्नों का अनुसरण कर समाज का गौरव बनाए रखना होगा।
इं. अरविंद कुमार, डा. एके राय, हलधर राय, आरके राय आदि ने भी समाज की एकजुटता पर बल दिया। इस दौरान नई कार्यकारिणी का गठन कर बीके राय चुन्नू को अध्यक्ष, शैलेंद्र बहादुर राय को सचिव,
गंगा प्रसाद राय, अमित कुमार सिंह, राधेश्याम सिंह को उपाध्यक्ष, ओपी राय को कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई। मंधीर कुमार और डीएस राय को संरक्षक बनाया गया।
वहीं निवर्तमान कार्यकारिणी के अध्यक्ष इं. एके राय और सचिव दिलीप सिंह को कोआर्डिनेटर का दायित्व सौंपा गया। लोक कलाकारों की ओर से फागुन के आवेला बहार, काहे न अयला बलमुआ.. जैसे कई गीतों की प्रस्तुति की गई।