तापीय परियोजना के डी प्लांट अंतर्गत कार्य कर रही आंका लॉजिस्टिक प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में कार्यरत मजदूरों ने कई माह से वेतन भुगतान न होने पर बृहस्पतिवार को कार्य बंद कर दिया। इसके बाद शुक्रवार को सभी मजदूरों ने कंपनी प्रबंधन के खिलाफ भुगतान मांगने पर गाली-गलौच करने और श्रमिकों के शोषण का आरोप ज्ञापन थाना प्रभारी श्रीकांत राय को सौंपा है।
थाना प्रभारी को सौंपे गए ज्ञापन में मजदूरों ने बताया कि कंपनी में कार्य कर रहे सैकड़ों मजदूरों के परिवार कंपनी के वेतन भुगतान पर ही आश्रित हैं। इसके बावजूद भी कंपनी प्रबंधन समय से वेतन भुगतान नहीं करता है। भुगतान की मांग को लेकर अधिकारियों से वार्ता करने पर गाली-गलौच की जाती है और श्रमिकों का शोषण भी शुरू हो जाता है। इसके अलावा आश्वासन देकर हर बात मजदूरों की वेतन भुगतान की मांग को किनारे कर धमकियां भी दी जाती हैं। उन्होंने कंपनी के ही राजेंद्र प्रसाद यादव, कृष्णाप्रेमी और प्रोजेक्ट मैनेजर पर आदिवासियों पर दबाव बनाने और दबंगई दिखाने का भी आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि कार्य बहिष्कार कर धरने पर बैठने का कारण भी इन्हीं को बताया है। किसी प्रकार के वाद-विवाद में उन्होंने कंपनी को ही जिम्मेदार बताया है। संजीव सिंह, चंद्रेश जायसवाल, रबीश केशरी, प्रमोद सोनी, आर एन यादव, गोविंद कुमार, प्रमोद कुमार, अंसारी, मुंडन प्रसाद को कंपनी का बिचौलिया भी कहा है। ज्ञापन सौंपने में महावीर, कृष्ण कुमार, रामबली, बलवंत, प्रेम सागर आदि श्रमिक मौजूद रहे।