भारतीय छात्र उत्थान समिति के कार्यकर्ताओं ने संगठन के संरक्षक विजय शंकर यादव के नेतृत्व में रविवार को सीबीएसई इंटर कॉलेज खोलने की मांग को लेकर स्थानीय सुभाष तिराहे पर पोस्टर प्रदर्शन किया।
इस दौरान यादव ने कहा कि ओबरा प्रदेश के कई शहरों को बिजली देकर करीब 55 वर्षों में अपनी एक बड़ी पहचान बना चुका है। वहीं इस परियोजना में कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों के बच्चों को अच्छी शिक्षा नहीं मिल पा रही है।
आदिवासी अंचलों व मजदूर तथा छात्र हितों को ध्यान में रखते हुए उन्होंने संयुक्त संघर्ष समिति के आंदोलन को समर्थन देते हुए तापीय परियोजना के सीएमडी से मांग की है कि जल्द ही सीबीएसई स्तर का इंटरमीडिएट कॉलेज यहां संचालित करने के लिए अनुमोदन किया जाए।
कहा कि इस मांग को लेकर संगठन का प्रतिनिधिमंडल प्रदेश के मुख्यमंत्री से मिलकर छात्र हितों की आवाज को पहुंचाएगा। प्रदर्शन में किशोरी लाल बंसल, दौलत सेठ, आकाश जायसवाल, राकेश सिंह, सुरेंद्र भारती, संजय प्रजापति, सुनील पांडेय, राजकुमार, अंतू कुमार, अनिल कुमार मौजूद रहे।
उधर स्थानीय तापीय परियोजना के मुख्य द्वार पर संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले सीबीएसई स्तर का इंटरमीडिएट कॉलेज खोलने की मांग को लेकर चौथे दिन रविवार को भी धरना जारी रहा।
अध्यक्षता कर रहे केएस सिंह ने कहा कि एक फरवरी को परियोजना के मुख्य द्वार पर सुबह नौ बजे से जनसभा की जाएगी। वहीं तीन फरवरी तक वर्क टू रूल कार्य करने के बाद चार फरवरी को सुबह नौ बजे से दोपहर बाद एक बजे तक चार घंटे का कार्य बहिष्कार तथा छह फरवरी को नौ बजे से शाम पांच बजे तक पाली को छोड़कर कार्य बहिष्कार किया जाएगा।
धरने में अदालत वर्मा, आरजी सिंह, संतोष विश्वकर्मा, मंगरू चौहान, राधामोहन प्रजापति, आरपी त्रिपाठी, धुरंधर शर्मा, रामकृपाल यादव, आरके शुक्ला, सत्यप्रकाश सिंह मौजूद रहे।