सलखन। चोपन थाना पुलिस ने गुर्मा वन रेंज के दरोगा जय प्रकाश वर्मा की तहरीर पर सात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। आरोपियों पर पकड़े गए बालू लदे टीपर को छुड़ाने का प्रयास और दरोगा को तमंचा सटाने समेत कई अन्य आरोप हैं। वन विभाग की टीम शनिवार की रात ही टीपर और एक कार को पकड़ कर सीज कर चुकी है। पुलिस अब तक किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी है। पुलिस ने वन दरोगा जयप्रकाश वर्मा की तहरीर पर सूरज पांडेय, आलोक उर्फ चंदन पांडेय, गुड्डू उर्फ शिवशंकर जायसवाल, संदीप दुबे, बृजेश पांडेय, मंगल चेरो व नंदू चेरो निवासी ग्राम पटवध के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। वन दरोगा ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि शनिवार की रात उन्होंने सूचना पर एक टीपर पकड़ा जिस पर अवैध रूप से बालू लदा हुआ था। इसके बाद उसे छुड़ाने के लिए कुछ लोग मौके पर आ गए। उन लोगों ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया और उन्हें तमंचा सटा दिया। इस मामले में डीएफओ ने एसपी से शिकायत की थी। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद से अब तक एक भी आरोपी को पुलिस गिरफ्तार नहीं कर सकी है। बता दें कि बीते आठ फरवरी को भी वन दारोगा जयप्रकाश वर्मा को सोन नदी से अवैध बालू लदे टीपर को पकड़ने के दौरान खनन माफिया घेराबंदी कर धमकी दे चुके हैं। उस दौरान उनकी तहरीर पर 15 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था। फिर चार जून को रात करीब डेढ़ बजे पटवध सिधवा वन क्षेत्र में अवैध खनन में लिप्त एक टीपर को पकड़ा गया था। वन जीव रक्षक राम कैलाश आर्य उसे कब्जे में लेकर रेंज कार्यालय ले जा रहे थे कि कुछ लोगों ने बीच रास्ते में घेर कर वन कर्मियों से मारपीट की थी। वन जीव रक्षक राम कैलाश की तहरीर पर दो भाजपा नेताओं समेत चार पर मुकदमा कायम हुआ लेकिन अब तक किसी आरोपी की गिरफ्तारी नही हो पायी। गुरमा रेंजर बलवत सिंह के मुताबिक अवैध खननकर्ता रात के अंधेर का फायदा उठाकर राजस्व के साथ ही पर्यावरण को भी क्षति पहुंचा रहे है।