गहरे पानी में समाने से डूब गए। इस घटना के बाद आक्रोशित कुछ लोग नदी के दूसरे तरफ खनन कार्य करने वालों के ठिकानों पर विरोध जताने पहुंचे, मगर पुलिस के आते ही वह वापस लौटने के लिए नदी में उतर गए। इसमें संदीप निषाद (18) डूब गया। मौके पर पहुंची चोपन पुलिस ने पहले स्थानीय गोताखोरों और फिर एसडीआरएफ की मदद से नदी में डूबे किशोरों और युवक की तलाश शुरू कराई।
बृहस्पतिवार को एनडीआरएफ की टीम भी पहुंच गई। करीब 25 घंटे की मशक्कत के बाद दोपहर करीब 12 बजे दीपक और फिर संदीप का शव घटनास्थल से 100-150 मीटर दूर से बाहर निकाला गया। बोलबम केवट की तलाश देर शाम तक जारी रही। टीम घटनास्थल से चोपन सोन नदी पुल तक तलाश कर रही है। शव मिलने की सूचना पर परिजनों में कोहराम मच गया और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।
मौके पर एडीएम वागीश शुक्ला, एएसपी अनिल कुमार, एसडीएम ओबरा विवेक सिंह, सीओ सिटी रणधीर मिश्र, चोपन एसओ गोपालजी गुप्ता फोर्स के साथ पूरे दिन मौजूद रहकर रेस्क्यू अभियान की निगरानी करते रहे। नगर पंचायत अध्यक्ष चोपन उस्मान अली सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली। पीड़ित परिवारों के प्रति शोक संवेदना जताते हुए ढांढ़स बंधाया।