प्रदेश के दूसरे जिलों में पशुओं में तेजी से फैल रही लंपी बीमारी को लेकर पशुपालन विभाग अलर्ट है। इसकी रोकथाम के लिए शासन की तरफ से पहले चरण में सोनभद्र को 30 हजार से अधिक टीका आवंटित किया गया है। टीके की खेप लेने के लिए पशुपालन विभाग की टीम लखनऊ के लिए रवाना कर दी गई है। शनिवार तक टीका जिले में पहुंचने की उम्मीद है।
पशुपालन विभाग के आंकड़ों पर गौर करें तो दस ब्लॉक वाले इस जनपद में लगभग पांच लाख से अधिक गोवंश है, वहीं करीब डेढ़ लाख भैस हैं। इन दिनों पशुओं में तेजी से लंपी बीमारी फैल रही है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों में इसका प्रभाव ज्यादा देखा जा रहा है। हालांकि, सोनभद्र में अभी इस बीमारी के एक भी मामले नहीं आए है, लेकिन पशुपालन विभाग की तरफ से सतर्कता बढ़ा दी गई है।
बीमारी के प्रति पशुपालकों में जागरूकता फैलाई जा रही है। इसके साथ ही अब पशुओं में टीका लगाने की कवायद में पशुपालन विभाग जुट गया है। विभागीय अधिकारियों की मानें तो शासन स्तर से लंपी बीमारी के रोकथाम के लिए 30 हजार से अधिक टीका सोनभद्र के लिए एलॉट किया गया है। जिसे लेने के लिए पशुपालन विभाग की तरफ से बृहस्पतिवार को ही वाहन के साथ टीम भेजी गई है।
उम्मीद है कि शनिवार तक टीका जिला मुख्यालय पहुंच जाएगा। इसके बाद विभाग की तरफ से टीके का वितरण कराया जाएगा। सभी सेंटरों पर टीका पहुंचाने के बाद सबसे पहले बॉर्डर के गांवों में टीकाकरण शुरू कराया जाएगा, ताकि दूसरे प्रांतों एवं जिलों से लंपी बीमारी जिले में पैर न पसार सके।
लंपी बीमारी के रोकथाम के लिए सभी तैयारियां कर ली गई है। टीका लेने के लिए टीम लखनऊ भेज दी गई है। सबसे पहले टीका बार्डर के सेंटरों तक पहुंचाया जाएगा, इसके बाद बार्डर के गांवों में रह रहे पशुओं को टीका लगाया जाएगा। ताकि यह बीमारी जिले में पांव न पसार सके। -योगेश कुशवाहा, उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी।