रमजान माह के अंतिम जुमे पर अलविदा की नमाज कड़ी सुरक्षा के बीच अदा की गई। अलग-अलग मस्जिदों में दोपहर साढ़े 12 बजे से नमाज का क्रम शुरू हुआ जो शिफ्टवार दो बजे तक चला। नमाज पढ़ते हुए रोजेदारों ने अमन और शांति की दुआ मांगी।
इस दौरान अधिकारी मस्जिदों के बाहर गश्त करते रहे। एसपी अशोक कुमार मीणा ने पैदल गश्त संबंधित क्षेत्रों का जायजा लिया था। नगर के मेन चौक स्थित जामा मस्जिद, पूरब महाल की मस्जिद, नई बस्ती मस्जिद में अलविदा की नमाज के लिए रोजेदारों की भीड़ रही।
अन्य जुमे पर किसी कारण मस्जिद में न पहुंचने वाले रोजेदार भी अलविदा की नमाज अदा करने के लिए समय से पहले ही पहुंच गए थे। इसके चलते बाहर भीड़ की स्थिति रही। शिफ्टों में नमाज पढ़ाई गई। उधर, दुद्धी कस्बे में अलविदा की नमाज पूरे अकीदत और एहतराम के साथ अदा की गई।
जामा मस्जिद के अलावा मकतब जब्बरिया परिसर में भी नमाज पढ़ी गई। कस्बे के जामा मस्जिद में दोपहर 12.30 बजे अज़ान हुई। एक बजे हाफिज अब्दुल रज्जाक साहब की निगरानी में अक़ीदतमंदों ने नमाज अदा की। दूसरी नमाज मकतब जब्बरिया में डेढ़ बजे हाफिज मसऊद रजा की देखरेख में हुई।
इस दौरान ईद-उल-फितर की पहली नमाज मकतब जब्बरिया ईदगाह में सुबह 8 बजे और दूसरी नमाज जामा मस्जिद में 8.30 बजे पढ़ाए जाने भी का एलान हुआ। तीसरी नमाज कादरिया गर्ल्स काॅलेज में 9 बजे से पढ़ी जाएगी। अलविदा नमाज के दौरान सुरक्षा में एएसपी त्रिभुवन नाथ त्रिपाठी, कोतवाल मनोज कुमार सिंह आदि चक्रमण करते रहे।
घोरावल:
जामा मस्जिद में मुफ्ती अरशद और नूरी मस्जिद में मौलाना सादिक रजा ने अलविदा जुमा की नमाज पढ़ाई। एसडीएम राजेश कुमार सिंह, प्रभारी निरीक्षक कमलेश पाल, चौकी प्रभारी अजय श्रीवास्तव, पीएसी के जवानों के साथ भ्रमण करते रहे। इस मौके पर मुमताज अली, इमरान मंसूरी, शाहबान अली, इनामुल हक, रमजान अली आदि उपस्थित रहे।