पत्थर आपूर्ति के टेंडर में धांधली करने का आरोप लगाते हुए सोमवार को कलेक्ट्रेट में ठेेकेदारों ने भूलेख कार्यालय में तैनात एक लिपिक के खिलाफ प्रदर्शन किया। इसके बाद ठेेकेदारों ने डीएम को शिकायत पत्र सौंपा। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी जीएस प्रियदर्शी ने एडीएम को समस्या को दूर करने का निर्देश दिया।
दोपहर करीब 12 बजे नियम विपरीत किए जा रहे ठेका को निरस्त करने की मांग को लेकर नारेबाजी करते हुए ठेकेदार कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि पत्थर आपूर्ति के लिए 15 जनवरी, 16 को निविदा भूलेख कार्यालय में प्रस्तुत किया गया था। उसी दिन अपराह्न तीन बजे उपजिलाधिकारी गिरिजा शंकर सिंह के समक्ष निविदा खोली भी गई।
जिसमें दो लोगों के निविदा मेें सभी प्रपत्र संलग्न नहीं थे। इसलिए उन दो लोगों की निविदा निरस्त करनी थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। संबंधित विभाग के एक बाबू ने एडीएम से सांठ-गांठ कर जिस ठेकेदार के पास ठेका से संबंधित कागजात नहीं था उसी को निविदा दी जा रही है।
चेतावनी देते हुए कहा कि नियमानुसार पात्र व्यक्ति को ठेका नहीं दिया गया तो इसकी शिकायत शासन स्तर पर की जाएगी। इस मौके पर विनित पांडेय, मोनू पांडेय, विजय, अमित आदि मौजूद रहे।