दुद्धी। कोतवाली क्षेत्र के टेढ़ा गांव में मंगलवार को नवनिर्मित कुएं में गिरने से दो मासूमों की मौत हो गई। खेलते-खेलते दोनो सगे भाई कुएं में चले गए। मनरेगा के तहत कुएं का निर्माण हो रहा है। ग्रामीणों ने आनन-फानन में मासूमाें को निकला। घटना की जानकारी मिलते ही एसडीएम रामअभिलाष, सीओ घटनास्थल पर पहुंच गए। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजनों को सौंप दिया।
टेढ़ा गांव में मंगलवार की देर शाम दो मासूम लापता हो गए। परिजन आसपास खोजते रहे। लेकिन उनका कहीं पता नहीं चला। रात्रि करीब नौ बजे कुछ लोगों को मनरेगा के तहत नवनिर्मित कुएं में मासूमों के गिरने का संदेह हुआ। टार्च की रोशनी से देखने पर बच्चे दिखाई पड़े। देखते ही देखते कुएं पर ग्रामीणों का मजमा लग गया और कुएं में बच्चों की तलाश शुरू हो गई। कुएं में अशमद (8), अमजद (6) पुत्र तैय्यब अली दिखा। ग्रामीणों की मदद से परिजन आनन-फानन में दोनों बच्चों को सीएचसी दुद्धी ले गए, जहां चिकित्सकों ने देखते ही मृत घोषित कर दिया। स्वास्थ्यकर्मियों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बुधवार को उपजिलाधिकारी रामअभिलाष, तहसीलदार अजय कुमार, सीओ अनिल यादव, इंस्पेक्टर रामसुभग यादव फोर्स के साथ घटनास्थल पर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की। इस दौरान ग्रामीणों का कहना रहा कि कुएं के आसपास बैरिकेटिंग की व्यवस्था की गई होती तो हादसा नहीं होता। मृतक बच्चों के घरवालों को मुआवजा देने के साथ ही दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की। उधर, गमजदा के लोगों ने होली नहीं मनाई।