अनपरा/सिंगरौली। एनसीएल की अमलोरी परियोजना में चोरों ने खदान क्षेत्र से जुड़े सब स्टेशन की बिजली काट दी। इससे जहां पांच घंटे तक कोयला उत्पादन पूरी तरह ठप रहा। वहीं चोरों को रोकने पहुंचे सुरक्षाकर्मियों को जमकर हुए पत्थरबाजी का सामना करना पड़ा। इसके चलते करीब दो घंटे तक एजीएम माइंस समेत अन्य अफसरों की जान सांसत में फंसी रही। गुरुवार को इसको लेकर कोल माइंस आफिसर्स एसोसिएशन की ओर से नाराजगी जताते हुए एनसीएल सीएमडी और सिंगरौली एसपी को पत्रक भेज चोरों पर अंकुश और अधिकारियों एवं कर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की गुहार लगाई है।
बुधवार की रात सात बजे के करीब 30-40 की संख्या में चोर अमलोरी खदान क्षेत्र में स्थित सब स्टेशन पहुंचे और वहां की केबिल काट ली। इससे कोयले का खनन कार्य ठप हो गया। इस पर एजीएम माइंस सहित फील्ड के कई अफसर सुरक्षाकर्मियों के साथ मौके पर चोरों को रोकने के लिए पहुंच गए, लेकिन चोरों की ओर से शुरू हुई जबरदस्त पत्थरबाजी ने सुरक्षाकर्मियों को पीछे हटने पर विवश कर दिया। इसको लेकर करीब दो घंटे तक दोनों तरफ से पत्थरबाजी को लेकर गुरिल्ला युद्ध की स्थिति बनी रही। इसके चलते अफसरों की जान देर तक सांसत में फंसी रही। करीब 10 बजे रात जाकर हालात सामान्य हुए। तब जाकर कहीं अर्धरात्रि के करीब कोयला उत्पादन पूर्व की भांति शुरू हो सका। उधर, कोल माइंस आफिसर्स एसोसिएशन (सीएमआईए)के अध्यक्ष तारकेश्वर सिंह ने घटना पर क्षोभ जताते हुए कहा कि एनसीएल की चाहे सिंगरौली में स्थित परियोजना हो या सोनभद्र के अनपरा परिक्षेत्र में, सभी जगह केबिल, डीजल और मोबिल चोरों का बड़ा सिंडीकेट काम कर रहा है। इसका विरोध करने वाले अफसरों, कर्मियों की जान खतरे में पड़ रही है। इसको देखते हुए एनसीएल के सीएमडी और एसपी से आवश्यक कदम उठाने का अनुरोध किया गया है। ऐसा न किए जाने पर एसोसिएशन अपने स्तर से प्रकरण पर निर्णय लेने को बाध्य हो सकता है।
उधर, बैढ़न थाना प्रभारी आरपी सिंह ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि चूंकि घटना मोरवा थाना क्षेत्र में हुआ है। इसलिए वहां की पुलिस को वाकए की जानकारी दे दी गई है। वहीं मोरवा थाना प्रभारी एपी गोस्वामी का कहना था कि चोर अपने मकसद में कायमाब नहीं होने पाए हैं। चुनावी व्यस्तता की वजह से चोरों के धर-पकड़ में दिक्कत आ रही है। शनिवार से इसको लेकर प्रभावी अभियान छेड़ा जाएगा।