दुद्धी। कोतवाली क्षेत्र के गुलाल झरिया स्थित ससुराल में सोमवार की रात ज्ञानदास (40) ने फांसी लगाकर जान दे दी। उसका शव घर से करीब तीन सौ मीटर दूर पलास के पेड़ से गमछे के सहारे लटका मिला। वह ससुराल अपनी पत्नी की विदाई कराने गया था लेकिन पत्नी ने तत्काल जाने से इनकार कर दिया था। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सीएचसी दुद्धी भेज दिया।
दुद्धी कोतवाली क्षेत्र के पिपरडीह गांव निवासी ज्ञानदास पुत्र जयकरन गोड़ का विवाह गुलालडीह गांव निवासी ननकी पुत्री बहादुर से हुआ था। सोमवार की रात करीब दो बजे वह अपने ससुराल गया और तीन दिन पूर्व ही मायके आई अपनी पत्नी से घर चलने के लिए कहा। लेकिन पत्नी तत्काल जाने के लिए तैयार नहीं हुई। उसने सुबह साथ में चलने के लिए कहा था। ननकी ने बताया कि इस पर उसका पति घर से चला गया और सुबह घर नहीं पहुंचा। जब उसने ज्ञानदास के घर पर उसकी जानकारी ली तो पता चला कि वह रात में आया ही नहीं। इस पर उसके घर वालों के साथ ही ससुराल वालों ने भी उसकी तलाश शुरू कर दी। तलाश करने पर ननकी के मायके से करीब तीन सौ मीटर दूर स्थित एक पलाश के पेड़ से गमछे के सहारे ज्ञानदास का लटकता हुआ शव मिला।