सोनभद्र। नगर पालिका राबर्ट्सगंज से खसरा रजिस्टर संदिग्ध परिस्थितियों गायब हो गया। अधिशासी अधिकारी दिनेश कुमार ने कर्मचारियों से रजिस्टर गायब होने के संबंध में स्पष्टीकरण मांगा है। वहीं, ईओ ने कोतवाली पुलिस को खसरा रजिस्टर चोरी होने की तहरीर दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
नगर पालिका कार्यालय गोलमाल के लिए लंबे समय से सुर्खियों में रहा है। मगर, इस बार सर्वे से संबंधी रजिस्टर के आलमारी से गायब होने से कर्मचारी से लेकर जिम्मेदार कटधरे में घिर गए हैं। बताया जाता है कि वर्ष 1940-41 नामांतरण रजिस्ट्रर लिपिक प्रसिद्व नाथ शुक्ल की आलमारी में बंद था। इस बीच 12 फरवरी को अचानक रजिस्टर गायब हो गया। बताया कि रजिस्टर मेें कस्बा राबर्ट्सगंज मेें पुरानी आबादी के भूमि एवं भवनों का विवरण दर्ज है। जिस पर नामांतरण व वरासत दर्ज करने की कार्रवाई की जाती है। उपरोक्त रजिस्टर में दर्ज सूचनाएं अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। सूत्र बताते हैं कि पहले तो रजिस्टर को इधर-उधर ढूंढा गया, लेकिन कुछ पता नहीं चल सका। फिर 12 फरवरी को कर्मचारी ने मामले की जानकारी ईओ को दी। इस पर ईओ ने संबंधित कर्मचारी से स्पष्टीकरण मांगते हुए डाक से मुकदमा दर्ज कराने के लिए कोतवाली को तहरीर दी। मंगलवार को कोतवाली में तहरीर भी मिल चुका है। तहरीर में ईओ दिनेश कुमार ने लिखा है कि 12 फरवरी को प्रसिद्धनाथ शुक्ल ने उन्हें रजिस्टर गायब होने की जानकारी दी है। रजिस्टर में वर्ष 1940-41 का खसरा का पूरा रिकार्ड अंकित था। इस प्रकार अभिरक्षा में से रजिस्टर चोरी करके सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया है, इसलिए प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कर संबंधित उत्तरदायी व्यक्ति के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जानी चाहिए। इस संबंध में नपा अधिशासी अधिकारी दिनेश कुमार का कहना है कि अभी तक कर्मचारी ने स्पष्टीकरण नहीं दिया है। इसलिए , उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जा रहा है।