सोनभद्र। अखिल भारतीय लोधी निषाद बिंद कश्यप एकता समता महासभा ने सोमवार को मत्स्य पालन को कृषि का दर्जा देने सहित अन्य मांगों को लेकर आवाज बुलंद की। सीएम के नाम संबोधित मांगपत्र अतिरिक्त एसडीएम विशाल यादव को सौंपा। चेताया कि जायज मांगों की अनदेखी की गई तो आने वाले दिनों में वृहद आंदोलन को बाध्य होंगे।
महासभा के सदस्यों ने कहा कि पूर्व की भांति प्राथमिकता के आधार पर मल्लाह, केवट, निषाद, मांझी, बिंद कश्यप समाज को बालू, मोरंग के खनन का पट्टा दिया जाए। गंगा, यमुना समेत अन्य नदियों की कछार की जमीनों का पट्टा भूमिहीन निषाद मछुवारा समाज को मिले। मत्स्य विभाग में निशाद, मछुआ समुदाय के लोगों के शैक्षिक शिथिलता देते हुए पूर्व की भांति 50 प्रतिशत स्थान आरक्षित हो। यूपी जल पुलिस एवं प्रदेश की नदियों में स्नान और बाढ़ के समय डूबने वालों को बचाने के लिए नियुक्त किए जाने वाले कर्मचारियों की भर्ती में मल्लाह, केवट, निषाद, मांझी, बिंद, कश्यप समाज के आवेदकों को प्राथमिकता देते हुए उन्हें नौकरी दी जाए। मांगपत्र देने में प्रदेश उपाध्यक्ष भोला निषाद, राम सुंदर निषाद, जितेंद्र साहनी, सुशील साहनी, दीपक, जमुना, कमला, ओम प्रकाश, कन्हैया, सदाफल निषाद, रमाशंकर निषाद, राम बाबू साहनी आदि मौजूद रहे।