कलेक्ट्रेट सभागार में समीक्षा करते डीएम एस राजलिंगम।
सोनभद्र। यूपी बोर्ड की हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की होने वाली परीक्षा की तैयारी को लेकर कलेक्ट्रेट में बैठक बृहस्पतिवार को हुई। इसमें डीएम ने परीक्षा को नकल विहीन कराने के लिए जिम्मेदारी सौंपी। डीआईओएस और बीएसए को सभी जरूरी कदम उठाने का निर्देश दिया। उन्होंने केंद्र व्यवस्थापक अपने-अपने निर्धारित परीक्षा केंद्रों के लिए जिम्मेदारी निभाते हुए हर हाल में नकल विहीन परीक्षा कराएंगे। उन्होंने बीएसए को निर्देश दिया कि वे डीआईओएस के मांग के मुताबिक कक्ष निरीक्षकों की व्यवस्था कराएं और रिजर्व कक्ष निरीक्षकों की भी व्यवस्था कराएं। परीक्षा सेंटरों में आवासीय व्यवस्था नहीं होेगी। सीसीटीवी की रिकार्डिंग सुरक्षित रखी जाय। एक महीने की क्षमता का डीवीडी सीसीटीवी की व्यवस्था रखी जाय। परीक्षा केंद्र के अंदर स्मार्ट मोबाइल पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा। मॉडम सिस्टम से आनलाइन रिपोर्टिंग होगी। डीएम ने बताया कि जिले में 18 फरवरी से शुरू होने वाली बोर्ड परीक्षा छह मार्च तक चलेगी। इसमें जिले के 193 स्कूलों के 46 हजार 14 परीक्षार्थी शामिल होंगे। 45 राजकीय कालेज, 10 अशासकीय सहायता प्राप्त व 138 मान्यता प्राप्त स्कूलों के बच्चें शामिल होंगे। जिले में 71 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। तहसील राबर्ट्सगज में 35, घोरावल में 14 व दुद्धी में 22 परीक्षा केंद्र बनाये गये हैं। हाईस्कूल की परीक्षा में 28 हजार 318 परीक्षार्थी शामिल होंगे। इसमें 13915 छात्र व 14 403 छात्राएं हैं। इंटरमीडिएट में 17 हजार 696 परीक्षार्थी हैं, जिसमें 8940 लड़के व 8 हजार 756 लड़कियां शामिल होंगी। छह उड़ाका दल बनाए गए हैं। उत्तर पुस्तिका जमा करने के लिए तीन संकलन केंद्र बनाये गये हैं और जिले में दो मूल्यांकन केंद्र भी बनाये गये हैं। जिले को 20 सेक्टरों में बांटा गया हैं। जिले के 19 संवेनशील परीक्षा केंद्रों व दो अति संवेदनशील केंद्रों पर खास नजर रखने के निर्देश दिये गये हैं। नोडल अधिकारी बोर्ड परीक्षा एडीएम योगेंद्र बहादुर सिंह ने व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी दी। बैठक में एएसपी ओपी सिंह, डीआईओएस फूलचंद, बीएसए डॉ. गोरखनाथ पटेल, विशेष कार्यपालक मजिस्ट्रेट, केंद्र व्यवस्थापक मौजूद रहें।