सोनभद्र। दैवीय आपदा से प्रभावित होने वालों की रिपोर्ट अब लेखपाल 24 घंटे के भीतर प्रशासन को देंगे। इसके लिए लेखपालों के क्षेत्र के हिसाब से मिले गांवों में रात में रुकना पड़ेगा। प्रतिदिन लेखपालों को किए गए कार्यों को रजिस्टर में नोट करना होगा। भ्रमण के दौरान अधिकारी रजिस्टर की जांच करेंगे।
बताते चले कि पिछले चार दिनों से रुक-रुक हो रही बारिश से नदी-नाले उफान पर है। राबर्ट्सगंज सहित कई नगर एवं गांवों में जलनिकासी की समस्याएं उत्पन्न हो गई है। कनहर नदी में पानी बढ़ने से अमवार-कुदरी संपर्क मार्ग पर नदी में स्थित रपटा टूट गया। सोन नदी, बकहर नदी, रेणुका, बिजुल समेत अन्य नदियों का तेजी से जलस्तर बढ़ रहा है। अत्यधिक बारिश होने से मिट्टी के बने मकान गिरने लगे है। शुक्रवार को उसरी गांव में लवकुश पांडेय का कच्चा मकान धराशायी हो गया। मलबे में दबकर गृहस्थी का सामान बर्बाद हो गया। इसे गंभीरता से लेते हुए डीएम ने राबर्ट्सगंज, दुद्धी और घोरावल एसडीएम को सभी लेखपालों को 24 घंटे क्षेत्र में तैनात रखने का निर्देश दिया है। ताकि बारिश से कोई समस्या हो तो उसके बारे में तत्काल पता चल सके और उसका समाधान कराया जा सके। डीएम पीके उपाध्याय ने कहा कि सभी लेखपालों को अपने तैनाती वाले क्षेत्र में रात गुजारने का निर्देश दिया गया है। बारिश से जिन क्षेत्रों में समस्या होगी उस इलाके के लेखपाल तत्काल एसडीएम, तहसीलदार और नायब तहसीलदार को सूचित करेंगे।