स्थानीय थाना क्षेत्र के काचन ग्राम पंचायत में मृत महिला के नाम से फर्जी रजिस्ट्री कराकर खतौनी में नाम दर्ज कराने का मामला सामने आया है। मंगलवार को इस मामले में चार लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
म्योरपुर थाना क्षेत्र के काचन गांव में चरण सिंह ने पुलिस को प्रार्थना पत्र देकर गंभीर आरोप लगाया है। बताया कि चार जनवरी 2022 को फुलझरिया पत्नी सत्यप्रकाश के नाम की 10 बीघा जमीन किसी अन्य महिला ने अपने आप को फुलझरिया की जगह रखकर गांव के ही पिता-पुत्रों के नाम रजिस्ट्री कर दी है। जबकि फुलझरिया की मृत्यु 1999 में हो चुकी है। परिजनों ने जांच की तो पता चला कि मनबस पत्नी विश्वनाथ सिंह निवासी तेरफा, बलरामपुर, छत्तीसगढ़ को खड़ा कर गांव के ही तीन लोगों ने अपने नाम रजिस्ट्री करा ली। इनमें राजेश व कृपाल और उनके पिता रामबरन का नाम रजिस्ट्री के आधार पर खतौनी में दर्ज हो गया है।
उसका कहना है कि पिछले साल बरसात में कुछ लोग उसके खेत में जोत-कोड़ करने पहुंच गए। तब उसे मामले की जानकारी हुई। मामले में पुलिस ने तहरीर के आधार पर सभी चार आरोपियों पर धोखाधड़ी, कूटरचना, जालसाजी सहित अन्य धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया है। 1999 में मृत फुलझरिया के नाम से किसी दूसरी महिला को खड़ा करके रजिस्ट्री कराने और परिजनों की ओर से आधार कार्ड नंबर की जांच करने पर छत्तीसगढ़ की अन्य महिला होने का नाम होने की जानकारी हुई। इसके बाद तहसील कर्मियों के भी हाथ पांव फूल गए हैं।