सोनभद्र। कलेक्ट्रेट सभागार में शनिवार को हुई बैठक में जिलाधिकारी अमित कुमार सिंह ने पांच मई तक चलने वाले ग्राम स्वराज अभियान की समीक्षा की। संबंधितों को कई सुझाव भी दिए। कहा कि ग्राम स्वराज अभियान का मुख्य उद्देश्य सामाजिक सामंजस्य को बढ़ावा देना, ग्रामीण घरों तक संचालित योजनाओं को पहुंचना, वर्तमान में चल रहे विकास कार्यक्रमों का फीड बैक लेना, नई पहलुओं को अपनाना, किसानों की आय को दोगुना करना है। इसके अलावा आजीविका के मौके पर बृद्धि और राष्ट्रीय प्राथमिकता जैसे स्वच्छता पर जोर देना तथा पंचायत राज संस्थाओं को मजबूत करना भी है। इस अवसर पर भारत सरकार के डिप्टी सेक्रेटरी रजनीश मोहन सिंह भी मौजूद रहे। डिप्टी सेक्रेटरी ने बताया कि जिले में भ्रमण के दौरान सरकार की चलाई जा रही योजनाओं की जमीनी हकीकत की तहकीकात की। बताया कि शासन ने यह निर्णय लिया है कि 14 अप्रैल से पांच मई के बीच जिले के उन 51 गांवों जिसमें सर्वाधिक अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति की आबादी है, को प्रत्येक दशा में 16 योजनाओं से संतृप्त किया जाएगा। ग्राम स्वराज अभियान के मद्देनजर प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना, सौभाग्य योजना, उजाला योजना, प्रधानमंत्री जन धन योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, मिशन इंद्र धनुष, स्टार्ट-अप इंडिया, स्टैंड अप इंडिया, पेंशन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, पेयजल योजना, राशन कार्ड, शादी योजना, अनुसूचित जाति, जनजाति के लिए नि:शुल्क बोरिंग योजना, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनाओं की पड़ताल होगी।