सोनभद्र। सदस्यों का विश्वास खोने से राबर्ट्सगंज ब्लॉक प्रमुख पंकज पटेल की कुर्सी गुरुवार को चली गई। उनके खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव मेें क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने उनका साथ छोड़ दिया, उनके खिलाफ 77 वोट पड़े। पक्ष में महज तीन ही वोट ही पड़े। ब्लॉक में कुल 148 बीडीसी हैं। जिसमें समय की बाध्यता बताकर 68 सदस्यों को अंदर नहीं जाने दिया गया। इससे क्षुब्ध क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने ब्लॉक के सामने राजमार्ग जाम करने का प्रयास भी किया। लेकिन पुलिस ने उन्हें खदेड़ दिया। दो बार उनका चक्काजाम का प्रयास विफल रहा। बैठक की अध्यक्षता कर रहे सदर एसडीएम विशाल यादव ने अविश्वास प्रस्ताव के परिणाम की घोषणा की।
राबर्ट्सगंज ब्लॉक के बाहर सुबह आठ बजे से क्षेत्र पंचायत सदस्य पहुंचने लगे थे। पूर्वाह्न 11 बजे से ब्लॉक परिसर के मुख्य प्रवेश द्वार पर तैनात सिटी सीओ विकानंद तिवारी, शहर कोतवाल भारतभूषण तिवारी, पन्नूगंज के प्रभरी एसओ विंकटेश तिवारी और रायपुर एसओ योगेंद्र प्रताप सिंह ने क्षेत्र पंचायत सदस्यों को अविश्वास प्रस्ताव की बैठक में शामिल होने के लिए अंदर जाने की अनुमति दी। दोपहर 12 बजे पुलिस ने 68 क्षेत्र पंचायत सदस्यों को अंदर जाने से रोक दिया। इससे नाराज होकर क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने हंगामा करने लगे। उनका कहना था उन्हें 12 बजे तक ही बैठक में शामिल होने के लिए जाने की जानकारी नहीं दी गई थी। नाराज क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने दो बार ब्लॉक के सामने वाराणसी-शक्तिनगर मार्ग पर जाम करने का प्रयास किया, लेकिन सीओ की अगुवाई में खदेड़ दिया। हंगामा होने की खबर मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार दीक्षित भी पहुंच गए। उधर एसडीएम की अध्यक्षता में अविश्वास प्रस्ताव के संबंध में चर्चा शुरू की। इसमें अधिकांश क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने ब्लॉक प्रमुख पर उन लोगों के क्षेत्र में विकास कार्य नहीं करा रहे है। करीब दो घंटे बाद बैठक की अध्यक्षता कर रहे सदर एसडीएम विशाल यादव ने बताया कि अविश्वास प्रस्ताव में 148 बीडीसी को शामिल होना था, जिसमें 80 क्षेत्र पंचायत सदस्य शामिल हुए और 68 नदारद रहे। ब्लॉक प्रमुख पंकज सिंह पटेल के पक्ष में तीन और विपक्ष में 77 मतदान पड़ें। उधर अविश्वास प्रस्ताव पास होने की खबर मिलते ही ब्लॉक प्रमुख के समर्थकों मायूसी और विपक्षी खुशी से झूम उठे।