डीएम प्रमोद कुमार उपाध्याय ने मंगलवार की शाम कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में ग्राम्य विकास योजना और पेयजल समस्या संबंधी बैठक ली। इसमें फ्लोराइड प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को शुद्ध पेयजल मुहैया कराने के निर्देश दिए। कहा कि इस एरिया के अलावा जिले में जहां भी पानी का स्तर ज्यादा खिसक गया है, वहां हैंडपंप रिबोर न कराएं।
उन्होंने कहा कि कुओं की सफाई करवाएं। जो हैंडपंप पहले से खराब पड़े हैं, उनकी अविलंब मरम्मत कराएं। पेयजल के लिए हैंडपंप मरम्मत के साथ टैंकर से पेयजल आपूर्ति पर व्यय किया जा सकेगा। ग्राम पंचायतों द्वारा टैंकर से पानी की आपूर्ति के लिए भाड़े एवं शुल्क की दर निर्धारित करते हुए जिले स्तर से आवश्यकतानुसार संबंधित विभाग को पत्र प्रेषित करें। डीएम ने बताया कि प्रधानों और सेक्रेटरियों को निर्देशित किया गया है कि वह ग्राम पंचायतों में हैंडपंप मरम्मत, रिबोर, जीआईएस पाईप बढ़ाने का कार्य, सबमर्सिबल से पानी की आपूर्ति एवं पेयजल टैंकर से पानी की आपूर्ति का कार्य कराना सुनिश्चित करें। किसी भी स्थिति में पेयजल संकट न बनने पाए। अर्बन मिशन योजना की भी स्थिति जानी। सीडीओ रामाश्रय, डीडीओ सुनील कुमार श्रीवास्तव, पीडी एनएन मिश्रा, डीपीओ अजीत कुमार सिंह, जिला युवा कल्याण अधिकारी एनबी सिंह, डीपीआरओ आरके भारती, प्रभारी अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत वर्तिका तिवारी, अमरपाल गिरि आदि मौजूद रहे।