घोरावल (सोनभद्र)। घोरावल तहसील के मगरदहा और भैंसवार गांवों में पिछले 20 वर्षों से चल रही चकबंदी प्रक्रिया निरस्त कराने के लिए अपना दल द्वारा तहसील परिसर में दो दिन से जारी क्रमिक भूख हड़ताल शनिवार रात समाप्त हो गया। रात्रि करीब आठ बजे तहसीलदार सुरेश शुक्ला ने अनशनकारियों को माला पहनाकर और मिठाई खिलाकर उनकी भूख हड़ताल समाप्त कराया।
अपना दल के जिला उपाध्यक्ष गंगेश्वर सिंह पटेल ने तहसीलदार सुरेश शुक्ला को बताया कि मगरदहा और भैंसवार गांवों में गत 20 साल से चल रही चकबंदी प्रक्रिया में घोर अनियमितता बरती जा रही है। इसे निरस्त कराने के लिए अपना दल द्वारा प्रधानमंत्री, राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री से मिलकर गरीब, किसानों, आदिवासियों के साथ हो रहे अत्याचार से अवगत कराया गया था। इसके बाद शासन ने डीएम को जांच व कार्रवाई का आदेश दिया था, लेकिन अब तक कुछ नहीं किया गया। तहसीलदार सुरेश शुक्ला ने भूख हड़ताल पर बैठी गुलाबी देवी, अमरावती देवी, फूलवंती, कौशल्या और बागेश्वरी को माला पहनाकर व मिठाई खिलाकर भूख हड़ताल समाप्त कराया। तहसीलदार ने अनशनकारियों को आश्वासन दिया कि इस संबंध में जांच चल रही है। चकबंदी विभाग से जांच में सहयोग के लिए कहा गया है। ग्रामीणों के पास जो दस्तावेज हैं, उन्हें उपलब्ध कराएं। पूरी चकबंदी प्रक्रिया की जांच कर यथाशीघ्र डीएम को रिपोर्ट दी जाएगी। इस मौके पर सुनील पाल, रामसूरत, शोभनाथ, उमामहेश्वर यादव, शिवप्रसाद गुप्ता, उदयनाथ बिंद, सुदेश्वरी, मालती देवी मौजूद रहे।