अनपरा। प्रदेश में लगातार बढ़ती बिजली की मांग के बीच पारेषण लाईनों में खराबी के कारण थर्मल बैकिंग व इकाईयों के ट्रीपिंग होने से बिजली संकट उत्पन्न हो रहा है। शुक्रवार को 210 मेगावाट की अनपरा अ परियोजना की पहली इकाई तकनीकी कारणों से बंद हो गई। परियोजना प्रबंधन के अनुसार बृहस्पतिवार की रात्रि 12:35 मिनट पर 210 मेगावाट की पहली इकाई एअर प्री हिटर में आई खराबी के कारण इकाई को बंद करना पड़ा। बताया जा रहा है कि इकाई को उत्पादनरत करने में दो से तीन दिन का समय लगेगा। इस दौरान अनपरा अ परियोजना की 210 मेगावाट की दूसरी व तिसरी इकाई से 337 मेगावाट, 500 मेगावाट की अनपरा ब तापीय परियोजना की चौथी व पांचवी इकाई से 858 मेगावाट, 500 मेगावाट की अनपरा द परियोजना की छठवीं व सातवी इकाई से 942.5 मेगावाट का विद्युत उत्पादन किया जा रहा था। सूत्रों की माने तो अनपरा तापीय परियोजना की इकाईयों का सही समय से अनुरक्षण न होने के कारण इकाईयां आये दिन बंद हो रही है। इन इकाईयों को उत्पादनरत करने में काफी धन खर्च करना पड़ता है। जबकि समय पर यदि अनुरक्षण करा दिया जाये तो यह खर्च कम हो सकता है। मंगलवार को 500 मेगावाट की चौथी इकाई ब्वायलर ट्यूब लिकेज के कारण बंद हो गई थी। जिसे बृहस्पतिवार की रात्रि उत्पादनरत किया गया था। शुक्रवार को 1200 मेगावाट की लैंकों अनपरा सी परियोजना में अनपरा-उन्नाव पारेषण लाईन में खराबी के कारण थर्मल बैकिंग की गई। इस दौरान परियोजना की दोनों इकाईयों से 314 मेगावाट थर्मल बैकिंग की जा रही थी।