बर्फीली हवाओं ने गलन बढ़ा दी है। कड़ाके की ठंड अब जानलेवा होती जा रही है। गुरुवार को पारा एक डिग्री लुढ़ककर आठ डिग्री पर पहुंच गया। राहत पाने को दिनभर लोग अलाव के इर्द-गिर्द सिमटे नजर आए। दोपहर बाद सूर्यदेव ने कुछ देर के लिए दर्शन तो दिए लेकिन शीतलहर के कारण धूप बेअसर रही।
दिन में छाई बदली और पांच किमी. प्रति घंटे की स्पीड से चलने वाली शीतलहर ने जन-जीवन खासा प्रभावित किया। वहीं, डीएम अमृत त्रिपाठी ने लगातार बढ़ रही ठंड के कारण 31 दिसंबर तक 12वीं तक के स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया है।
गुरुवार को कड़ाके की ठंड के कारण लोग घरों से निकलने की हिम्मत नहीं जुटा सके। दोपहर तक कोहरा छाए रहने से हाईवे पर वाहनों चालकों को हेडलाइटें जलाकर चलना पड़ा। लोगों ने अलाव का सहारा लिया।
दोपहर बाद करीब डेढ़ बजे सूर्यदेव ने दर्शन तो दिए, लेकिन शीतलहर ने धूप का असर महसूस नहीं होने दिया। हवा में नमी बढ़ने से पारा एक डिग्री लुढ़क गया। मौसम की तल्खी का असर बाजार में भी नजर आया।
सामान्य दिनों के मुकाबले बाजार में चहल-पहल कम रही। सांझ ढलते ही लोग घरों में जा दुबके। लिहाजा, शाम सात बजे शहर सड़कों पर सन्नाटा पसर गया। डीएम ने 31 तक स्कूलों को बंद कर दिया है।
जिला विद्यालय निरीक्षक राजा भानु प्रताप सिंह ने बताया कि कक्षा एक से 12वीं तक के सभी स्कूलों में इस दौरान शिक्षण कार्य नहीं होगा। बच्चों की छुट्टी रहेगी। शिक्षक रोजाना की तरह स्कूल पहुंचकर काम निपटाएंगे। मौसम विशेषज्ञ के अनुसार गुरुवार को अधिकतम तापमान 21 डिग्री, जबकि न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया।