कोटेदारों को राशन न दिये जाने के संबंध में गुरुवार को अधिकारियों ने पिसावां गोदाम की जांच की। गोदाम प्रभारी के न मिलने पर अधिकारियों ने ताला तोड़ गोदाम में रखे राशन का सत्यापन किया। बताया जा रहा है कि गोदाम प्रभारी गोदाम में रखे सरकारी राशन की कालाबाजारी कर फरार हो गया है। क्षेत्र के 28 कोटेदार अभी तक गोदाम से राशन का उठान नहीं कर सके हैं।
क्षेत्र के ज्ञानेंद्र सिंह, विकास कुमार, राम किशोर आदि 28 कोटेदारों ने रविवार को एसडीएम महोली अतुल श्रीवास्तव को प्रार्थना पत्र दिया था। कोटेदारों का आरोप था कि गोदाम प्रभारी नागेंद्र सिंह ने राशन का उठान नहीं कराया है। जिसकी वजह से कोटे पर राशन नहीं पहुंचा है। कार्डधारक राशन मांग रहे हैं और कोटेदारों के पास राशन नहीं है। वहीं गोदाम प्रभारी तलाशे नहीं मिल रहा है।
इस मामले का संज्ञान लेते हुए गुरुवार को आवश्यक वस्तु निगम के जिला प्रबंधक श्याम चंद्र पाठक अधिकारियों के साथ पिसावां गोदाम पहुंचे। गोदाम प्रभारी न मिलने पर अधिकारियों ने गोदाम का ताला तोड़ा और गोदाम में रखे राशन की पड़ताल ली। जांच में गोदाम में 170 बोरा चीनी, 671 बोरा चावल व 2738 बोरा गेहूं मिला। अधिकारियों का कहना है कि अब इस राशन का जिला मुख्यालय पर मौजूद रजिस्टर से मिलान करना है।
उसके बाद ही पता चल सकेगा कि कितने राशन की कालाबाजारी की गई है। इसी गोदाम प्रभारी के पास महोली के गोदाम का भी प्रभार है। महोली कोतवाली में पहले ही एक मामला इस गोदाम प्रभारी के खिलाफ दर्ज किया जा चुका है। अब यहां पर जांच के बाद पिसावां थाने में भी रिपोर्ट दर्ज कराई जा सकेगी। जांच करने पहुंची टीम में तहसीलदार नीरज पटेल, पूर्ति निरीक्षक भदेश्वर प्रसाद, खाद्य अधिकारी ओम प्रकाश शामिल हैं। जांच के बाद गोदाम में ताला लगा दिया गया है।