जिले में डेंगू का कहर जारी है। शनिवार रात डेंगू की चपेट में आने से एक युवक व एक महिला की मौत हो गई। जबकि नौ और लोग बीमार हो गए। पीड़ितों में सीतापुर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष व एक ट्रेनी सिपाही भी शामिल हैं।
इनमें से छह को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जबकि तीन अन्य लोग प्राइवेट अस्पतालों में भर्ती हैं। हर दिन पांच से छह मरीज सामने आ रहे हैं। वहीं अब जिले में डेंगू पीड़ितों की संख्या बढ़कर 218 हो गई है। जबकि 20 लोग जान गंवा चुके हैं।
लहरपुर के मोहल्ला शाहकुलीपुर निवासी जमाल की पत्नी नाजिमा (37) को एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। परिवार ने उसे प्राइवेट डॉक्टर को दिखाया। उसकी प्लेटलेट्स 14 हजार बचीं थीं। जिसके बाद उसे लखनऊ रेफर कर दिया। परिवार ने महिला को लखनऊ के एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया पर वहां भी डॉक्टरों ने जवाब दे दिया।
जिसके कारण परिवार महिला को लेकर घर चल दिया। इसी बीच रविवार शाम महिला ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। वहीं सिधौली के ग्राम अलादातपुर निवासी सलमान (24) को एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। शनिवार को प्राइवेट डॉक्टर ने ब्लड की जांच कराई तो डेंगू की पुष्टि हुई। प्लेटलेट्स 12 हजार निकलीं।
लखनऊ पहुंचने पर सलमान ने एक प्राइवेट अस्पताल में दम तोड़ दिया। शहर के मोहल्ला तामसेनगंज निवासी व बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अधिवक्ता हरीश त्रिपाठी को भी एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। प्राइवेट डॉक्टरों की जांच में डेंगू की पुष्टि होने पर उन्हें लखनऊ रेफर कर दिया गया।
रामकोट के ग्राम मधवापुर निवासी ट्रेनी सिपाही मनोज कुमार में डेंगू वायरस की पुष्टि हुई। उसे लखनऊ रेफर कर दिया गया। शहर के मोहल्ला आर्य नगर निवासी राधेश्याम जिंदल (48) को भी डेंगू हुआ है।
शहर के मोहल्ला तरीनपुर निवासी श्रीकांत शुक्ला की पत्नी शांति (50), इमलिया सुल्तानपुर निवासी बालक राम (20), खैराबाद के ललियापुर निवासी शानू (22), लहरपुर के मोहल्ला छावनी निवासी दीपक कुमार (26), मछरेहटा के जटपुरवा निवासी श्याम सुंदर (49) व रामकोट निवासी शफी अहमद (35) भी डेंगू से पीड़ित हैं। इन लोगों को जिला अस्पताल के डेंगू वार्ड में भर्ती किया गया है।