उम्र साठ के पार हो चुकी है। शरीर ढंग से साथ नहीं दे रहा है। बीमारियां धीरेे-धीरे शरीर पर हावी होती जा रही हैं। ऐसे वक्त में उनके अपने भी साथ देने से कतरा रहे हैं। ऐसे बुजुर्गों को अब जिला अस्पताल में आसानी से इलाज मिल सकेगा।
यहीं नहीं, उनके लिए स्पेशल वार्ड भी बनाया जाएगा। जिसमें इलाज की सारी सुविधाएं मौजूद रहेंगी। इसे लेकर शासन ने जिला अस्पताल को निर्देश जारी किया है। सीएमएस एके गौतम ने इसकी कवायद शुरू कर दी हैं।
जिला अस्पताल में अभी तक बुजुर्गों को सामान्य वार्ड में ही भर्ती किया जाता है। भर्ती होने के बाद भी उन्हें समुचित इलाज नहीं मिल पाता है। ऐसे बुजुर्गों को इलाज की समुचित व्यवस्था उपलब्ध कराने के लिए शासन ने अलग से वार्ड बनाने का निर्णय लिया है।
जिसके तहत जिला अस्पताल को निर्देश भी प्राप्त हो चुका है। निर्देश के बाद जिला अस्पताल में बुजुर्गों के लिए अलग से वार्ड बनाने की तैयारियां शुरू कर दी गईं हैं। शुरुआती दौर में 10 बेड वाला एक वार्ड दुरुस्त किया जा रहा है।
जिसमें एक चिकित्सक, एक स्टाफ नर्स, फिजियोथेरेपिस्ट, वार्ड ब्वॉय व सफाईकर्मी 24 घंटे तैनात रहेंगे। ताकि वार्ड में भर्ती होने वाले बुजुर्ग की देखरेख ढंग से हो सके। खुद सीएमएस इस वार्ड की निगरानी करेंगे। बुजुर्ग मरीजों की सारी जांच निशुल्क होंगी और दवाएं भी निशुल्क मिलेंगी। दवा से लेकर भोजन तक का इंतजाम वार्ड में किया जाएगा।