महराजनगर(सीतापुर)। लिखते-लिखते कलम आज रोने लगी। एक-एक वर्णों में अपने वो खोने लगी। मैं फंसी हूं, कहां पर निकालो मुझे, मैं हूं हिंदी वतन की बचा लो मुझे...। हिंदी दिवस के अवसर पर छात्र आकाश ने ये पंक्तियां सुनाकर सभी को उत्साहित कर दिया। तालियों की गड़गड़़ाहट ने आकाश के मनोबल ऊंचा कर दिया।
रविवार को युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय की तरफ से हिंदी दिवस कार्यक्रम का आयोजन किशोर जनता माध्यमिक विद्यालय खानपुर में किया गया। लगभग 100 से अधिक युवा शामिल हुए। युवाओं ने अपनी रचनाओं के माध्यम से हिंदी का महत्व बतलाया। हिंदी दिवस पर भाषण प्रतियोगिता भी हुई। इसमें आकाश प्रथम, निशी द्वितीय व शुभी तृतीय स्थान पर रहीं। प्रधानाचार्य उमेश वर्मा ने हिंदी दिवस के इतिहास पर प्रकाश डाला। प्रबंधक राहुल शुक्ला ने हिंदी दिवस मनाने के उद्देश्य को साझा किया।
अध्यापक गुड्डू दीक्षित ने युवाओं को हिंदी भाषा की उपयोगिता बताई। कार्यक्रम में राहुल शुक्ला, उमेश कुमार, शिवानी, प्रतिमा, अमर पाल, आकाश, निशी, शुभी, अंशू, प्रमोद आदि मौजूद रहे।