रामपुर कलां/सरैंया (सीतापुर)। थाना क्षेत्र के सरैंया राजासाहब में बीते दिनों पड़ी डकैती के दौरान गोली लगने से घायल हुए गृहस्वामी के पुत्र मनीष मिश्र की रविवार देर रात इलाज के दौरान मौत हो गई। मनीष रेसिंग का उभरता सितारा था। पुलिस ने आठ लोगों को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा तो कर दिया था, लेकिन गृहस्वामी को घटना ने गहरा जख्म दे दिया। मनीष की मौत से घर में जहां कोहराम मचा है वहीं सरैंया सहित पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
दरअसल 20 मई की रात रामपुर कलां थाना क्षेत्र के सरैंया राजासाहब निवासी रामनरेश मिश्र के घर असलहाधारी नकाबपोश डकैतों ने धावा बोल दिया था। विरोध करने पर डकैतों ने गृहस्वामी रामनरेश मिश्र व उनकी पत्नी की असलहों की बट से पिटाई शुरू कर दी थी। जिससे वह दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए थे। माता-पिता की जान जोखिम में देख बेटा मनीष मिश्र भी बदमाशों से भिड़ गया।
बदमाशों ने मनीष को भारी पड़ते देख उसे गोली मार दी और मंगलसूत्र लूटकर फरार हो गए। बाद में पुलिस ने आठ बदमाशों को गिरफ्तार कर घटना के खुलासे का दावा किया था। उधर गंभीर रूप से घायल मनीष मिश्र का इलाज ट्रॉमा सेंटर लखनऊ में चल रहा था। जहां रविवार देर रात इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मनीष की मौत से परिवार में कोहराम मचा है। बताया जाता है कि मनीष मिश्र रेसिंग का उभरता सितारा था और हाल ही में उसने जिले में आयोजित माध्यमिक क्रीड़ा प्रतियोगिता में सौ, दो सौ व चार सौ मीटर दौड़ में प्रथम स्थान प्राप्त किया था। मनीष गुरु गोविंद सिंह स्पोर्ट्स कॉलेज में सौ मीटर की दौड़ का प्रमुख धावक था। मनीष के दोस्तों के मुताबिक उसे स्पोर्ट्स में काफी रुचि थी।