सीतापुर। परसेंडी ब्लॉक के अमरापुर गांव में एक एफपीओ के मार्फत कृषि फार्म बनाया गया है। इससे 150 महिलाएं भी जुड़ी हैं। इन्हीं में से प्रगतिशील महिला रजनी देवी के प्रोत्साहन से तमाम महिलाएं कई प्रकार की सब्जियों की खेती कर रही हैं। मुर्गी पालन, बकरी पालन, टोकरी बनाने का काम भी कर रही हैं। इससे उनके परिवार का जीवकोपार्जन हो रहा है।
परसेंडी ब्लॉक के ग्राम अमरापुर में रजनी देवी ने एक नया मुकाम हासिल किया है। वह कई वर्षों से परंपरागत खेती करती आ रही थी लेकिन उसमें उन्हें सफलता हाथ नहीं लगी। फिर भी वह बिना हार माने लगातार प्रयास करती रहीं। शुरुआती दौर में उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
फिर हुनरमंद एफपीओ के संचालक राजीव कुमार भार्गव के साथ मिलकर खुद को सशक्त किया। साथ ही उन्होंने तमाम महिलाओं को साथ में जोड़ करके उनको भी आत्मनिर्भर बनाया। रजनी देवी के द्वारा महिलाओं को विभिन्न प्रकार के नए-नए स्रोतों से खेती में शामिल किया गया। रजनी देवी ने बताया कि कृषि विज्ञान केंद्र कटिया से प्रशिक्षण लेकर के महिलाओं को रोजगार दिया। इससे उनकी आय में भी वृद्धि हो रही है। एफपीओ से 600 पुरुष और 150 महिला किसान जुड़े हुए हैं, जो की विभिन्न प्रकार की आधुनिक खेती कर रहे हैं।
ये महिलाएं कर रहीं बकरी और मुर्गी पालन
प्रगतिशील महिला किसान की ओर से आधुनिक खेती जैसे ड्रिप मंल्चिग की सहायता से सब्जी की खेती की जा रही है। रजनी देवी के द्वारा महिलाओं के साथ जुड़कर विभिन्न क्षेत्रों में कार्य किए जा रहे हैं। महिला किसान सुनीता देवी, जगपति, प्रेमा देवी, रेशमा देवी, राम देवी, गंगा देवी, माया, ज्ञानवती, सुनीता, सुधा, शांति, राम देवी, शिवकली, राम प्यारी, रमा कांती, संतोषी, आशा देवी, विमला, पार्वती, गोमता, लक्ष्मी देवी, जया देवी, राधा इन महिला किसानों के द्वारा बकरी पालन करके अपनी आय में वृद्धि कर रही हैं। महिला किसान रेशमा, पार्वती, जगपति, प्रेमा देवी, राधा रानी, सुधा, आशा देवी, प्रेमलता, रागिनी, कमला देवी, कोमल, आशा देवी, शांति, रमाकांति, पुष्पलता बैक यार्ड देसी मुर्गी पालन का काम कर रही हैं।
ये महिलाएं कर रहीं सब्जी की खेती
महिला किसान राम देवी, विश्वना, सुहागा, राज रानी, विजयी, सुमन, पार्वती, लक्ष्मी द्वारा सब्जी की आधुनिक खेती की जा रही है। इनकी ओर से लाल व पीला शिमला मिर्च, हरी शिमला मिर्च, अचारी मिर्च, टमाटर, करेला, भिंडी, तुरई, लौकी, स्ट्रॉबेरी की खेती की जा रही है। महिला किसान रजनी देवी, माया देवी, कुसुम, सुहानी, सुनीता, प्रेमलता, विसुना, कोमल, शिवानी के द्वारा मशरूम का उत्पादन भी किया जा रहा है। जगपति, पुष्पलता, आंचल देवी, आशा देवी, रमा देवी, लीलावती बाँस व लकड़ी से डलिया व टोकरी बनाने का काम कर रही हैं। इसे बाजार में उचित मूल्य पर बेचा जा रहा है।