महोली (सीतापुर)। नरनी गांव से बाघ के पकड़े जाने के बाद भी वन विभाग ने अभियान बंद नहीं किया है। टीम ने क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी है। ग्रामीणों के मुताबिक भारी भरकम टीम इलाके में मौजूद है। लग रहा है कि शावक अभी इलाके में ही मौजूद हैं। वन विभाग ने खेत के इर्द-गिर्द चार पिंजरे लगा रखे हैं। ट्रैप कैमरा व ड्रोन से निगरानी की जा रही है। दुधवा के विशेषज्ञ भी मौजूद हैं।
ग्रामीणों का मानना है कहीं न कहीं बाघ के शावक वन विभाग की नजर में आ चुके हैं, जिसके चलते वनकर्मियों की चहलकदमी बढ़ गई है। ग्रामीण पहले से ही दावा करते चले आ रहे हैं कि बाघ-बाघिन के साथ उनके साथ दो शावक इलाके में हैं। नरनी में स्थापित कमांड सेंटर से शावकों के मूवमेंट की लगातार निगरानी की जा रही है।
बता दें कि 22 अगस्त को नरनी के सौरभ दीक्षित को बाघ ने निवाला बनाया था। इसके बाद बाघ को पकड़ने की कवायद तेज की गई थी। 20 सितंबर को क्षेत्र में एक बाघिन को पकड़ा गया था। इसके बाद रविवार को बाघ पकड़ा गया। अब वन विभाग शावकों को पकड़ने की तैयारी में लग गया है।