सीतापुर। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए होने वाले चुनाव को लेकर जिले में तेज होती राजनीतिक हलचल के बीच सोमवार को समाजवादी पार्टी ने भाजपा पर संगीन आरोप जड़ा है। सोमवार को सपा के प्रतिनिधि मंडल ने डीएम और एसपी से मुलाकात कर भारतीय जनता पार्टी की ओर से जिला पंचायत सदस्यों पर दबाव बनाने और सपा प्रत्याशी को चुनाव लड़ने पर धमकी देने का आरोप लगाते हुए पत्र सौंपा है।
डीएम व एसपी ने मामले में निष्पक्ष चुनाव कराने का भरोसा दिलाया है। जिला पंचायत की तारीख ज्यों-ज्यों करीब आती जा रही है, वैसे ही राजनीतिक घटनाक्रम तेज होता दिख रहा है। सोमवार को डीएम विशाल भारद्वाज से सपा का प्रतिनिधि मंडल मिला। इसके बाद एसपी आरपी सिंह से मुलाकात की। सपा के प्रतिनिधि मंडल ने बताया कि सीतापुर से जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए पिसावां ब्लॉक के पाताबोझ निवासी अनीता राजवंशी को मैदान में उतारा गया है।
प्रत्याशी के परिजनों को लगातार धमकाया जा रहा है। जान-माल की धमकी देकर चुनाव नहीं लड़ने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। आरोप ये भी लगाया कि लगातार सत्ता पक्ष के पदाधिकारी जिला पंचायत सदस्यों पर दबाव बनाकर अपने पक्ष में करने का प्रयास कर रहे हैं। सपा का आरोप है कि जिला पंचायत सदस्यों का अपहरण करने के बाद उन्हें अज्ञात स्थान पर भेज दिया गया है।
सौंपे गए पत्र में कहा गया है कि इस समय आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद भी जिला मुख्यालय स्थित लोक निर्माण विभाग के अतिथि गृह को अघोषित रूप से सत्ता पक्ष के पदाधिकारियों ने जिला पंचायत चुनाव का कार्यालय बना लिया है। वहां पर सदस्यों को बुलाकर अपने पक्ष में करने के लिए धमकी दी जा रही हैं।
सपाइयों ने डीएम-एसपी से मांग की है कि चुनाव निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराए जाएं। दोनों अफसरों ने चुनाव पूरी तरह से निष्पक्ष कराने का आश्वासन दिया है। डीएम व एसपी से मिलकर निष्पक्ष चुनाव की मांग करने वाले प्रतिनिधि मंडल में सपा जिलाध्यक्ष छत्रपाल यादव, एमएलसी आनंद भदौरिया, महमूदाबाद विधायक नरेंद्र सिंह वर्मा, पूर्व विधायक राधेश्याम जायसवाल, पूर्व विधायक अनूप गुप्ता, पूर्व मंत्री रामपाल राजवंशी, पूर्व विधायक मनीष रावत, सेवता के पूर्व सपा विधायक महेंद्र सिंह झीन बाबू, रमेश राही, अनिल वर्मा मौजूद रहे।