सीतापुर। शहर में भीषण गर्मी के दौरान जारी अघोषित बिजली कटौती के खिलाफ मंगलवार देर रात उपभोक्ताओं का आक्रोश फूट पड़ा। गर्मी और उमस से बेहाल नाराज लोगों ने बिजली निगम के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए शहर के व्यस्ततम हरदोई चुंगी और ट्रांसपोर्ट चौराहा पर विरोध प्रदर्शन करते हुए सड़क के बीचों-बीच विभाग की सीढ़ी लगाकर रास्ता जाम कर दिया। प्रदर्शन कर रहे स्थानीय निवासियों का आरोप है कि पिछले कई दिनों से बिना किसी पूर्व सूचना या रोस्टर के घंटों बिजली काटी जा रही है। जाम के कारण सड़क के दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई।
इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने बिजली निगम के अफसरों के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए अपनी भड़ास निकाली। विरोध प्रदर्शन की जानकारी के बाद पहुंचे स्थानीय पुलिस प्रशासन के अफसरों ने प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझा कर जाम खुलवाने का प्रयास किया, लेकिन लोग बिजली व्यवस्था में तत्काल सुधार किए जाने और विभाग के जिम्मेदारों को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे। बमुश्किल बिजली सप्लाई को प्राथमिकता पर दुरुस्त कराने का भरोसा दिलाकर धरना प्रदर्शन खत्म कराया गया।
बाधित रही दो हजार गांवों की बिजली
सोमवार रात में आई आंधी से पूरे जिले की बिजली आपूर्ति व्यवस्था बेपटरी हो गई थी। बिजली निगम के मुताबिक इस दौरान आई फाल्ट के कारण करीब 3200 गांवों की बिजली सप्लाई ठप हुई थी।
तमाम प्रयास के बाद भी बुधवार तक दो हजार गांवों की बिजली आपूर्ति व्यवस्था को पूरी तरह दुरुस्त नहीं बनाया जा सका है। वहीं, शहरी इलाकों की आपूर्ति भी पटरी से उतरी रही। आंधी में 300 से अधिक पोल गिरने व कई जगह सप्लाई लाइन पर पेड़ गिरने के कारण आपूर्ति बाधित हुई थी। बुधवार तक विभाग की टीमें मरम्मत कर बिजली आपूर्ति दुरुस्त बनाने में जुटी रहीं।
बिजली बाधित होने से कई इलाकों में पेयजल का संकट भी गहराया रहा। कई इलाकों में घरों में लगे इन्वर्टर डिस्चार्ज हो जाने से रात जागकर बिताना पड़ी। आंधी के कारण आई फाल्ट से भवानीपुर उपकेंद्र पूरी रात बंद रहा। बुधवार को भी इससे जुड़े कुछ इलाकों में ही आपूर्ति बहाल हो सकी। इसके अलावा हरदोई सड़क फीडर से जुड़े मोहल्लों में आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई।
इसी तरह सिटी उपकेंद्र व पुराना सीतापुर उपकेंद्र से जुड़े मोहल्लों में रात भर बिजली न आने से लोगों को रात जाग कर बिताना पड़ी। नैमिषारण्य की बिजली व्यवस्था भी फाल्ट दुरुस्त न हो पाने से बाधित बनी रही। एसडीओ ग्रामीण आशुतोष गुप्ता ने बताया कि तेज आंधी के चलते पोल टूट गए हैं।
मरम्मत करवाई जा रही है। सांडा पॉवर हाउस से जुड़े सांडा, शाहपुर, मडोर, काजीपुर, प्यारापुर, सकरन, उमराकला, उमराखुर्द, सुमरावां, तारपारा, रेवान, उल्लहा, किरतापुर, देवतापुर आदि गांवों में भी बिजली आपूर्ति पूरी तरह दुरुस्त न हो पाने से लोगों को परेशानी उठानी पड़ी।