सीतापुर। जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद लोगों में गम व गुस्सा है। यात्रा करने के लिए जा रहे यात्रियों में साफ तौर पर गुस्सा दिख रहा है। कश्मीर की वादियों में घूमने का सपना लिए टूरिस्ट अब अपनी बुकिंग कैंसल कराने में लगे हैं। उधर कई यात्री कश्मीर न जाकर वैष्णो माता के दर्शन कर वापस लौट आए हैं। अधिकतर लोग अपनी यात्रा कश्मीर के बजाय अन्य जगहों के लिए बुकिंग करा रहा रहे हैं।
शहर की आर्य नगर निवासी ममता मेहरोत्रा परिवार के साथ कश्मीर जा रही थीं। जम्मू पहुंचने पर पता चला कि पर्यटकों पर आतंकियों ने हमला कर दिया है। इस बात से परिवार के सदस्य सहम गए। इसके बाद परिवार के सदस्यों ने मां वैष्णो देवी के दर्शन किए। ममता मेहरोत्रा बताती हैं कि जम्मू से ही लौटते समय कई परिवार के सदस्य वापस लौट रहे थे। जम्मू के होटल भी अधिकतर खाली हो चुके हैं।
मालगोदाम के पास साथी यात्री केंद्र कई लोग अपने कश्मीर जाने के लिए बुकिंग कैंसल कराते हुए मिले। संदीप रस्तोगी व रंजन ने बताया कि अपने परिवार के सदस्यों के साथ कश्मीर जाने के लिए फरवरी लास्ट में बुकिंग कराई थी, लेकिन अब आतंकी हमले के बाद परिवार के लोग डरे व सहमे हुए हैं। इसलिए अब कश्मीर जाने की योजना निरस्त कर दी है। अन्य जगहों पर घूमने जाने का विचार चल रहा है।
कश्मीर जाने के बंद हैं रजिस्ट्रेशन
साथी यात्री के संचालक शिखर स्वरूप उर्फ मन्नी का कहना है कि जम्मू कश्मीर के पहलगाम में पिछले कुछ माह में टूरिस्टों की संख्या काफी बढ़ गई थी। 22 अप्रैल को टूरिस्टों पर हुए आतंकी हमले के बाद लोगों ने कश्मीर जाने की बुकिंग कैंसल करा दी है। ज्यादातर लोग अब दूसरी जगहों पर जाना पसंद कर रहे हैं। इनमें धार्मिक स्थल, शिमला, मनाली, हिमाचल प्रदेश सहित अन्य जगहें शामिल हैं। इनमें से ज्यादातर बुकिंग भी फुल हो गई हैं। उधर, हमले के बाद से ही टूरिस्ट केंद्रों ने कश्मीर जाने का रजिस्ट्रेशन बंद कर दिया है।
बाबा अमरनाथ के दरबार में अगले वर्ष लाएंगे हाजिरी:
शहर के व्यापारी अक्षत अग्रवाल बताते हैं कि बाबा अमरनाथ जाने के लिए अपने मित्रों के साथ रजिस्ट्रेशन करवाने वाले थे, लेकिन इस बीच हुए आतंकी हमले से गम-गुस्सा और खौफ है। इसलिए इस बार अमरनाथ न पहुंचने का मलाल तो रहेगा ही, लेकिन इस समय में देश में हालात सामान्य नहीं है। अगले वर्ष बाबा अमरनाथ के दरबार में हाजिरी लगाने जरूर जाएंगे।
अब तभी जाएंगे कश्मीर घूमने जब पीओके होगा हमारा:
लोहारबाग निवासी संतोष पांडेय अपने दाेस्तों के साथ हर साल कहीं न कहीं घूमने जरूर जाते हैं। इस वर्ष भी एक ट्रैवर्ल्स से कश्मीर जाने के लिए अपने दोस्तों के साथ बुकिंग कराई थी, लेकिन इतने बड़े आतंकी हमले के बाद सभी ने बुकिंग कैंसल करा ली है। संतोष पांडेय कहते हैं कि कश्मीर में निहत्थे टूरिस्टों पर आतंकी हमले झकझोर कर रख दिया है। इसलिए हमारे सभी मित्रों ने भी अब यहीं ठाना है कि अब कश्मीर तभी जाएंगे घूमने जब पीओके हमारा होगा। अन्यथा कश्मीर नहीं जाएंगे घूमने।