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रामपाल के साथ नहीं कोई विधायक

Mon, 09 May 2016 11:30 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/सीतापुर
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सीतापुर के सपा कार्यालय में प्रेसवार्ता करते सपा जिला अध्यक्ष व सभी विधायक। - फोटो : अमर उजाला
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सपा से निष्कासित विधायक रामपाल यादव द्वारा सपा, मुख्यमंत्री अखिलेश यादव व पार्टी मुखिया मुलायम सिंह यादव पर की गई टिप्पणी पर आखिरकार जिले के सपा आलाकमान को परेड करानी पड़ी।
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सपा के विधायक व मंत्रियाें ने रामपाल के बयान की निंदा की। मुख्यमंत्री पर परिवारवाद का बढ़ावा देने का आरोप बुनियाद बताया। रामपाल को अपने गिरेबान में छांकने की नसीहत दी। कहा रामपाल आज जो भी हैं वो सपा की ही बदौलत हैं।

चार साल तक पार्टी में रहने के बाद उन्हें परिवारवाद दिखाई दे रहा है। सबसे ज्यादा परिवारवाद तो उन्होंने किया है। बेटा जितेंद्र यादव जिला पंचायत अध्यक्ष व बेटी दीपा यादव ब्लॉक प्रमुख है। रामपाल के साथ जिले के कुछ विधायक साथ होने को बकवास बताया। कहा सभी विधायक व कार्यकर्ता पार्टी के साथ हैं, न कि रामपाल के।
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मालूम हो जेल से छूटने के बाद विधायक रामपाल यादव ने पार्टी व मुख्यमंत्री पर तल्ख टिप्पणी की थी। सपा को कौरवों की पार्टी बताया था। इस पर मंगलवार को जिले के विधायक महेंद्र सिंह झीन बाबू, राधेश्याम जायसवाल, मनीष रावत, एमएलसी आनंद भदौरिया, मंत्री रामपाल राजवंशी, नरेंद्र सिंह वर्मा, गीता सिंह, कमलेश यादव, जिलाध्यक्ष छत्रपाल यादव ने संयुक्त रूप से प्रेस कांफ्रेंस की। कहा कि सपा अनुशासन के लिए जानी जाती है। जब रामपाल अवैध तरीके से बालू खनन कर रहे थे।

अधिकारियों पर बेजा दबाब डाल रहे थे। उस समय पार्टी द्वारा की गई कार्रवाई एकदम जायज है। यह सब उनकी करनी का फल मिला है। नेताओं ने रामपाल पर यह सब एक दल द्वारा कराए जाने का आरोप लगाया। सपा की छवि खराब करने की बात कही।

नेताओं ने कहा कि पार्टी जिले में सभी सीटों पर चुनाव जीतेगी। बिसवां में सबसे अधिक मतों से चुनाव जीता जाएगा। इस मौके पर तमाम नेता व कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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